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Home > क्रिकेट > ‘श्रेयस अय्यर की कप्तानी डिक्टेटरशिप नहीं लगती’ पंजाब किंग्स के गेंदबाज का बयान, बोले- उनके साथ बात करना…

‘श्रेयस अय्यर की कप्तानी डिक्टेटरशिप नहीं लगती’ पंजाब किंग्स के गेंदबाज का बयान, बोले- उनके साथ बात करना…

Marco Jansen on Shreyas Iyer: पंजाब किंग्स के मार्को यानसन (Marco Jansen) ने श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) की कप्तानी की जमकर तारीफ की है. उन्होंने कहा कि पंजाब किंग्स में खेलते हुए उन्हें काफी अच्छा माहौल मिल रहा है.

Written By:
Edited By: Gaurav Verma
Last Updated: 2026-04-24 15:26:52

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Marco Jansen on Shreyas Iyer: पंजाब किंग्स के मार्को यानसन (Marco Jansen) ने श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) की कप्तानी की जमकर तारीफ की है. उन्होंने कहा कि पंजाब किंग्स में खेलते हुए उन्हें काफी अच्छा माहौल मिल रहा है. मीडिया से बात करते हुए यानसन ने कहा कि अय्यर एक ऐसे कप्तान हैं जो खिलाड़ियों को समझते हैं और उन्हें खुलकर खेलने की आजादी देते हैं. वह यह नहीं कहते कि सब कुछ उनके हिसाब से ही होगा, बल्कि खिलाड़ियों की बात भी सुनते हैं.
 
यानसन के मुताबिक, अय्यर को पता होता है कि टीम से क्या काम लेना है और कैसे जीतना है. वह खिलाड़ियों को मोटिवेट करते हैं और उनका आत्मविश्वास बढ़ाते हैं. यही वजह है कि खिलाड़ी मैदान पर अपना सर्वश्रेष्ठ दे पाते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि श्रेयस अय्यर के साथ बात करना आसान है. कोई भी खिलाड़ी उनके पास जाकर अपनी बात रख सकता है, गेम प्लान पर चर्चा कर सकता है और अय्यर भी अपनी सलाह देते हैं. इससे टीम को बेहतर खेलने में मदद मिलती है.
 
आईपीएल 2026 में यानसन का प्रदर्शन भी ठीक रहा है. उन्होंने अब तक छह मैचों में पांच विकेट लिए हैं. वह अक्सर अर्शदीप सिंह और जेवियर बार्टलेट के बाद गेंदबाजी करने आते हैं और जरूरत पड़ने पर किसी भी समय गेंदबाजी कर सकते हैं. यानसन ने कहा कि वह आमतौर पर नई गेंद से गेंदबाजी करते हैं, लेकिन अब उन्होंने खुद को हर परिस्थिति में ढाल लिया है. उन्होंने यह भी माना कि अर्शदीप और बार्टलेट नई गेंद से अच्छा स्विंग कराते हैं, जिससे टीम को फायदा होता है. कुल मिलाकर, यानसन के अनुसार पंजाब किंग्स की टीम में माहौल अच्छा है और श्रेयस अय्यर की कप्तानी टीम को आगे बढ़ाने में मदद कर रही है.
 
उन्होंने आगे कहा, “गेंदबाजी करने का कोई तय तरीका नहीं होता और न ही पहले से कोई तय योजना होती है कि मुझे कैसे गेंदबाजी करनी है. मेरे पास कुछ बुनियादी चीजें हैं, जिनका मैं हमेशा पालन करता हूं और अपनी प्रक्रिया को अपनाता हूं. लेकिन सबसे जरूरी यह होता है कि मैं जितनी जल्दी हो सके परिस्थितियों को समझूं और फिर उसी दिन के हिसाब से सबसे प्रभावी तरीके से गेंदबाजी करने की कोशिश करूं. उनकी कैप्टेंसी में डिक्टेटरशिप जैसा नहीं लगता है.”
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Marco Jansen on Shreyas Iyer: पंजाब किंग्स के मार्को यानसन (Marco Jansen) ने श्रेयस अय्यर (Shreyas Iyer) की कप्तानी की जमकर तारीफ की है. उन्होंने कहा कि पंजाब किंग्स में खेलते हुए उन्हें काफी अच्छा माहौल मिल रहा है. मीडिया से बात करते हुए यानसन ने कहा कि अय्यर एक ऐसे कप्तान हैं जो खिलाड़ियों को समझते हैं और उन्हें खुलकर खेलने की आजादी देते हैं. वह यह नहीं कहते कि सब कुछ उनके हिसाब से ही होगा, बल्कि खिलाड़ियों की बात भी सुनते हैं.
 
यानसन के मुताबिक, अय्यर को पता होता है कि टीम से क्या काम लेना है और कैसे जीतना है. वह खिलाड़ियों को मोटिवेट करते हैं और उनका आत्मविश्वास बढ़ाते हैं. यही वजह है कि खिलाड़ी मैदान पर अपना सर्वश्रेष्ठ दे पाते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि श्रेयस अय्यर के साथ बात करना आसान है. कोई भी खिलाड़ी उनके पास जाकर अपनी बात रख सकता है, गेम प्लान पर चर्चा कर सकता है और अय्यर भी अपनी सलाह देते हैं. इससे टीम को बेहतर खेलने में मदद मिलती है.
 
आईपीएल 2026 में यानसन का प्रदर्शन भी ठीक रहा है. उन्होंने अब तक छह मैचों में पांच विकेट लिए हैं. वह अक्सर अर्शदीप सिंह और जेवियर बार्टलेट के बाद गेंदबाजी करने आते हैं और जरूरत पड़ने पर किसी भी समय गेंदबाजी कर सकते हैं. यानसन ने कहा कि वह आमतौर पर नई गेंद से गेंदबाजी करते हैं, लेकिन अब उन्होंने खुद को हर परिस्थिति में ढाल लिया है. उन्होंने यह भी माना कि अर्शदीप और बार्टलेट नई गेंद से अच्छा स्विंग कराते हैं, जिससे टीम को फायदा होता है. कुल मिलाकर, यानसन के अनुसार पंजाब किंग्स की टीम में माहौल अच्छा है और श्रेयस अय्यर की कप्तानी टीम को आगे बढ़ाने में मदद कर रही है.
 
उन्होंने आगे कहा, “गेंदबाजी करने का कोई तय तरीका नहीं होता और न ही पहले से कोई तय योजना होती है कि मुझे कैसे गेंदबाजी करनी है. मेरे पास कुछ बुनियादी चीजें हैं, जिनका मैं हमेशा पालन करता हूं और अपनी प्रक्रिया को अपनाता हूं. लेकिन सबसे जरूरी यह होता है कि मैं जितनी जल्दी हो सके परिस्थितियों को समझूं और फिर उसी दिन के हिसाब से सबसे प्रभावी तरीके से गेंदबाजी करने की कोशिश करूं. उनकी कैप्टेंसी में डिक्टेटरशिप जैसा नहीं लगता है.”
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