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Home > धर्म > Pitru Paksha 2026 Rules: पितरों की पूजा में न हो जाए कोई भूल, जान लें पितृ पक्ष के ये जरूरी नियम; वरना हो जाएगा ‘महापाप’

Pitru Paksha 2026 Rules: पितरों की पूजा में न हो जाए कोई भूल, जान लें पितृ पक्ष के ये जरूरी नियम; वरना हो जाएगा ‘महापाप’

Pitru Paksha 2026 Rules: पितृ पक्ष में पितरों का तर्पण, श्राद्ध, पिंडदान और दान करना शुभ माना जाता है. इस दौरान सात्विक भोजन करें, क्रोध, विवाद और मांगलिक कार्यों से बचें.

Written By:
Edited By: Uttam Ojha
Last Updated: 2026-09-24 13:31:30

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Pitru Paksha Me Kya Karna Chahiye Aur Kya Nahi Karna Chaiyeहिंदू धर्म में पितृ पक्ष का खास धार्मिक महत्व माना गया है. इसे श्राद्ध पक्ष भी कहा जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दौरान पूर्वजों को याद कर उनके लिए तर्पण, श्राद्ध और दान किया जाता है. माना जाता है कि श्रद्धा से किए गए इन कार्यों से पितरों का आशीर्वाद मिलता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि पितृ पक्ष में कुछ काम करने की सलाह दी जाती है, जबकि कुछ कार्यों से बचने की मान्यता है? आइए जानते हैं आसान भाषा में जरूरी नियम.

पितृ पक्ष में क्या करना चाहिए?

  • जल से करें तर्पण: पितरों को रोजाना जल अर्पित करना शुभ माना जाता है. जल में काले तिल और कुशा मिलाकर तर्पण करने की परंपरा है.
  • श्राद्ध और पिंडदान करें: पूर्वजों की मृत्यु तिथि पर विधि के अनुसार श्राद्ध और पिंडदान किया जाता है. इसे दोपहर के समय करना उचित माना जाता है.
  • पंचबलि का रखें ध्यान: भोजन तैयार होने के बाद गाय, कुत्ते, कौए, देवताओं और चींटियों के लिए भोजन निकालने की परंपरा है.
  • दान और भोजन कराएं: जरूरतमंदों को भोजन कराना और अपनी क्षमता के अनुसार अनाज, कपड़े, तिल या दक्षिणा का दान करना शुभ माना जाता है.
  • जीव-जंतुओं का करें सम्मान: इस दौरान घर के बाहर आए किसी जरूरतमंद, पशु या पक्षी को भोजन और पानी जरूर दें.

ये भी पढ़ें: हीरो बनने पहुंचे मुंबई, अखबार में की नौकरी, सांप से डर फिर भी किया खतरनाक सीन; 380 फिल्मों में बने विलेन

पितृ पक्ष में क्या नहीं करना चाहिए?

  • मांगलिक कार्यों से बचें: विवाह, गृह प्रवेश और अन्य बड़े शुभ कार्यों को इस अवधि में टालने की परंपरा है.
  • तामसिक भोजन से दूरी रखें: मांस और मदिरा के साथ कई परिवार प्याज-लहसुन आदि का भी सेवन नहीं करते.
  • क्रोध और विवाद से बचें: घर में शांति बनाए रखें और माता-पिता व बुजुर्गों का सम्मान करें.
  • सात्विक जीवन अपनाएं: पितृ पक्ष में संयम, स्वच्छता और अच्छे आचरण पर विशेष ध्यान देने की धार्मिक मान्यता है.

ये भी पढ़ें: एक, दो नहीं…बिस्तर पर एक साथ कई रखैलें; बादशाह के…

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Edited By: Uttam Ojha
Last Updated: 2026-09-24 13:31:30

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Pitru Paksha Me Kya Karna Chahiye Aur Kya Nahi Karna Chaiyeहिंदू धर्म में पितृ पक्ष का खास धार्मिक महत्व माना गया है. इसे श्राद्ध पक्ष भी कहा जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दौरान पूर्वजों को याद कर उनके लिए तर्पण, श्राद्ध और दान किया जाता है. माना जाता है कि श्रद्धा से किए गए इन कार्यों से पितरों का आशीर्वाद मिलता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि पितृ पक्ष में कुछ काम करने की सलाह दी जाती है, जबकि कुछ कार्यों से बचने की मान्यता है? आइए जानते हैं आसान भाषा में जरूरी नियम.

पितृ पक्ष में क्या करना चाहिए?

  • जल से करें तर्पण: पितरों को रोजाना जल अर्पित करना शुभ माना जाता है. जल में काले तिल और कुशा मिलाकर तर्पण करने की परंपरा है.
  • श्राद्ध और पिंडदान करें: पूर्वजों की मृत्यु तिथि पर विधि के अनुसार श्राद्ध और पिंडदान किया जाता है. इसे दोपहर के समय करना उचित माना जाता है.
  • पंचबलि का रखें ध्यान: भोजन तैयार होने के बाद गाय, कुत्ते, कौए, देवताओं और चींटियों के लिए भोजन निकालने की परंपरा है.
  • दान और भोजन कराएं: जरूरतमंदों को भोजन कराना और अपनी क्षमता के अनुसार अनाज, कपड़े, तिल या दक्षिणा का दान करना शुभ माना जाता है.
  • जीव-जंतुओं का करें सम्मान: इस दौरान घर के बाहर आए किसी जरूरतमंद, पशु या पक्षी को भोजन और पानी जरूर दें.

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पितृ पक्ष में क्या नहीं करना चाहिए?

  • मांगलिक कार्यों से बचें: विवाह, गृह प्रवेश और अन्य बड़े शुभ कार्यों को इस अवधि में टालने की परंपरा है.
  • तामसिक भोजन से दूरी रखें: मांस और मदिरा के साथ कई परिवार प्याज-लहसुन आदि का भी सेवन नहीं करते.
  • क्रोध और विवाद से बचें: घर में शांति बनाए रखें और माता-पिता व बुजुर्गों का सम्मान करें.
  • सात्विक जीवन अपनाएं: पितृ पक्ष में संयम, स्वच्छता और अच्छे आचरण पर विशेष ध्यान देने की धार्मिक मान्यता है.

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