पंकज त्रिपाठी हिंदी सिनेमा का जाना पहचाना नाम हैं. उन्होंने अपने शुरुआती करियर में बहुत संघर्ष किया है. अभिनेता ने शुरुआती समय में कई फिल्मों में छोटे-छोटे रोल भी किए. एक बार की बात है जब एक्टर नाना पाटेकर ने उन्हें एक्टिंग करते देखा, तो पंकज त्रिपाठी पर भड़क गए. साथ ही अभिनेता को एक सलाह दे डाली. इस बात का खुलासा खुद नाना पाटेकर ने एक इंटरव्यू में किया था.
क्यों भड़क गए थे नाना पाटेकर?
नाना पाटेकर ने एक इंटरव्यू में एक बार बताया, ‘मैं ‘काला’ नाम की फिल्म कर रहा था रजनीकांत सर के साथ. उसी फिल्म में पंकज त्रिपाठी एक पुलिस अफिसर का रोल कर रहे थे. जब मैंने देखा, तो मैंने कहा पंकज तू यहां क्या कर रहा है? तो उन्होंने कहा कि एक छोटा सा रोल है. फिर मैंने कहा ये ऐसा रोल क्यों करते हैं आप? तो पंकज कहते हैं नहीं अन्ना थे आप थे तो काम करने का मन किया. मैंने कहा आप बहुत बड़े एक्टर है. हमारे साथ काम करके आप बड़े नहीं होंगे. आप बड़े एक्टर हैं. दोबारा कहीं ऐसे रोल किया तो मैं मारूंगा. अपने आप को अंडरएस्टीमेट मत मानिए.’
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पंकज त्रिपाठी का वर्कफ्रंट
फिल्मी करियर के शुरुआती वर्षों में पंकज त्रिपाठी ने कई फिल्मों में छोटी भूमिकाएं निभाईं, जिनमें रन (2004) , अपहरण (2005) , ओमकारा (2006) , शौर्य (2008) , रावण (2010) , चिल्ड्रन्स पार्टी (2011) और अग्निपथ (2012) शामिल हैं. इनमें से कई फिल्मों में उन्होंने खलनायक की भूमिका निभाई. लगभग आठ साल के काम के बाद, अभिनेता को ‘गैंग्स ऑफ वासेपुर’ (2012) में अपनी पहली मुख्य भूमिका मिली. यह फिल्म अनुराग कश्यप द्वारा निर्देशित दो भागों वाली गैंगस्टर फिल्म थी, जो कोयला माफिया पर आधारित थी. इस फिल्म ने एक्टर को गजब की लोकप्रियता दिलाई. वेब सीरीज मिर्जापुर में कालीन भैया के रोल में पंकज त्रिपाठी ने सबका ध्यान खींच लिया था.