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Microplastics Health Risk: क्या आप भी खाते हैं च्युइंग गम? तो नहीं मिलेगा ‘बाप’ बनने का सुख!

Does Chewing Gum Affect Male Fertility: आज के समय में हर कपल चाहते हैं कि उनका बच्चा हो, लेकिन क्या आप ये जानते हैं कि आपकी ये आम आदते आपकी फर्टिलिटी पर असर डाल सकती हैं, अगर नहीं तो आइए जानते हैं-

Written By: Sanskriti jaipuria
Last Updated: April 20, 2026 13:37:31 IST

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Does Chewing Gum Affect Male Fertility: आज-कल के समय में लोग ऑफिस में टाइम पास के लिए कुछ न कुछ खाना पसंद करते हैं और उनमें से बहुत से लोग ऐसे होते हैं जिन्हें बैठे-बैठे कुछ चबाने का शौक है. ऐसे में लोग च्युइंग गम (Chewing Gum) का सेवन करना ज्यादा पसंद करते हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि ये एक च्युइंग गम आपके घर का वंश बढ़ने से रोक सकती है. जी हां एक्सपर्ट की माने तो च्युइंग गम का सेवन आपकी फर्टिलिटी पर असर डाल सकता है. आइए जानते हैं कि इसका सेवन कैसे फर्टिलिटी पर असर डालता है.

ABP से बातचीत के दौरान फर्टिलिटी एक्सपर्ट Dr Phoebe Howells का कहना है कि इसके पीछे की वजह है माइक्रोप्लास्टिक्स. ये बहुत छोटे से पार्टिकल्स होते है जो आस-पास मौजूद पैकेजिंग, कपड़े और यहां तक कि च्युइंग गम से निकलकर शरीर में पहुंचते हैं. हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई है जिसमें बताया गया है कि  च्युइंग गम खाने से शरीर में काफी माइक्रोप्लास्टिक पार्टिकल्स जमा हो जाते हैं और फिर धीरे-धीरे हार्मोनल सिस्टम पर असर डालते हैं.

इसका पुरुषों और महिलाओं पर क्या पड़ता है असर?

डॉ. हॉवेल्स का कहना है कि माइक्रोप्लास्टिक्स में काफी केमिकल्सस पाए जाते हैं जैसे कि BPA, फ्थेलेट्स और PFAS. ये हमारे शरीर के हार्मोन को डिस्टर्ब कर सकते हैं और पुरुषों में ये स्पर्म काउंड पर भी असर डालते हैं. साथ ही महिलाओं की बात करें तो ये पीरियड साइकिल को डिस्टर्ब करते हैं.

अगर यूरोपियन सोसाइटी ऑफ ह्यूमन रिप्रोडक्शन एंड एम्ब्रियोलॉजी 2025 की रिसर्च की माने तो जो औरते फर्टिलिटी का ट्रीटमेंट करा रही हैं उनमे  69 प्रतिशत सैंपल में वहीं पुरुषों में 55 प्रतिशत सैंपल में माइक्रोप्लास्टिक्स पाई गई है. 

किन चीजों से रहे सावधान?

आप अगर सोच रहे हैं सिर्फ च्युइंग गम ही दिक्कत है तो मैं आपको बता दूं कि वो तो है ही लेकिन उसके अलावा भी ऐसी काफी चीजे हैं जिनमें माइक्रोप्लास्टिक्स पाए जाते हैं, जैसे कि  चाय के टी-बैग, टेकअवे कॉफी कप, प्लास्टिक कंटेनर और सिंथेटिक कपड़े आदि. डॉक्टर कहते हैं कि प्लास्टिक को पूरी तरीके से नहीं हटा सकते है क्योंकि अक्सर हर जगह प्लास्टिक मिलती है लेकिन इसमें छोटे बदलाव कर के आप इसे सही कर सकते है. जैसे कि आप प्लास्टिक की जगह ग्लास या सिरेमिक का इस्तेमाल कर सकते हैं, ढीले-ढाले नेचुरल फैब्रिक पहनना और च्युइंग गम की जगह नेचुरल ऑप्शन का उपयोग करना.

Disclaimer: ये जानकारी रिसर्च स्टडीज पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का ऑप्शन न मानें. किसी भी चीज को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

 

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Written By: Sanskriti jaipuria
Last Updated: April 20, 2026 13:37:31 IST

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Does Chewing Gum Affect Male Fertility: आज-कल के समय में लोग ऑफिस में टाइम पास के लिए कुछ न कुछ खाना पसंद करते हैं और उनमें से बहुत से लोग ऐसे होते हैं जिन्हें बैठे-बैठे कुछ चबाने का शौक है. ऐसे में लोग च्युइंग गम (Chewing Gum) का सेवन करना ज्यादा पसंद करते हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि ये एक च्युइंग गम आपके घर का वंश बढ़ने से रोक सकती है. जी हां एक्सपर्ट की माने तो च्युइंग गम का सेवन आपकी फर्टिलिटी पर असर डाल सकता है. आइए जानते हैं कि इसका सेवन कैसे फर्टिलिटी पर असर डालता है.

ABP से बातचीत के दौरान फर्टिलिटी एक्सपर्ट Dr Phoebe Howells का कहना है कि इसके पीछे की वजह है माइक्रोप्लास्टिक्स. ये बहुत छोटे से पार्टिकल्स होते है जो आस-पास मौजूद पैकेजिंग, कपड़े और यहां तक कि च्युइंग गम से निकलकर शरीर में पहुंचते हैं. हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई है जिसमें बताया गया है कि  च्युइंग गम खाने से शरीर में काफी माइक्रोप्लास्टिक पार्टिकल्स जमा हो जाते हैं और फिर धीरे-धीरे हार्मोनल सिस्टम पर असर डालते हैं.

इसका पुरुषों और महिलाओं पर क्या पड़ता है असर?

डॉ. हॉवेल्स का कहना है कि माइक्रोप्लास्टिक्स में काफी केमिकल्सस पाए जाते हैं जैसे कि BPA, फ्थेलेट्स और PFAS. ये हमारे शरीर के हार्मोन को डिस्टर्ब कर सकते हैं और पुरुषों में ये स्पर्म काउंड पर भी असर डालते हैं. साथ ही महिलाओं की बात करें तो ये पीरियड साइकिल को डिस्टर्ब करते हैं.

अगर यूरोपियन सोसाइटी ऑफ ह्यूमन रिप्रोडक्शन एंड एम्ब्रियोलॉजी 2025 की रिसर्च की माने तो जो औरते फर्टिलिटी का ट्रीटमेंट करा रही हैं उनमे  69 प्रतिशत सैंपल में वहीं पुरुषों में 55 प्रतिशत सैंपल में माइक्रोप्लास्टिक्स पाई गई है. 

किन चीजों से रहे सावधान?

आप अगर सोच रहे हैं सिर्फ च्युइंग गम ही दिक्कत है तो मैं आपको बता दूं कि वो तो है ही लेकिन उसके अलावा भी ऐसी काफी चीजे हैं जिनमें माइक्रोप्लास्टिक्स पाए जाते हैं, जैसे कि  चाय के टी-बैग, टेकअवे कॉफी कप, प्लास्टिक कंटेनर और सिंथेटिक कपड़े आदि. डॉक्टर कहते हैं कि प्लास्टिक को पूरी तरीके से नहीं हटा सकते है क्योंकि अक्सर हर जगह प्लास्टिक मिलती है लेकिन इसमें छोटे बदलाव कर के आप इसे सही कर सकते है. जैसे कि आप प्लास्टिक की जगह ग्लास या सिरेमिक का इस्तेमाल कर सकते हैं, ढीले-ढाले नेचुरल फैब्रिक पहनना और च्युइंग गम की जगह नेचुरल ऑप्शन का उपयोग करना.

Disclaimer: ये जानकारी रिसर्च स्टडीज पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का ऑप्शन न मानें. किसी भी चीज को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

 

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