World Painful Disease: आजकल की अनहेल्दी लाइफस्टाइल के चलते तमाम गंभीर बीमारियां जन्म ले रही हैं. कई बीमारियां तो इतनी खतरनाक साबित होती हैं, जिनके दर्द से तो मौत अच्छी लगने लगती है. ये बीमारियां शरीर में घर कर जाती है फिर उनको सहन कर पाना मुश्किल हो जाता है. अगर इन बीमारियों का समय पर इलाज न हो तो जान भी जा सकती है. जी हां, इन बीमारियों के नाम हैं क्लस्टर हेडेक और ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया. इनकी गिनती दुनिया की बहुत ही दर्दनाक बीमारियों में होती हैं. अगर ये किसी को हो जाए तो इंसान जीते जी ही मरने लगता है. इन दोनों बीमारियों के कई लोगों ने नाम तक नहीं सुना होगा. अब सवाल है कि आखिर, कौन सी बीमारियां दर्दनाक हैं? क्लस्टर हेडेक कितना खतरनाक बीमारी है? क्लस्टर हेडेक से कैसे करें बचाव? ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया क्या है? क्या हैं इन बीमारियों के लक्षण? आइए जानते हैं इस बारें में-
दुनिया की सबसे दर्दनाक बीमारियां
क्लस्टर हेडेक क्या है? what is cluster headache
मायो क्लीनिक की रिपोर्ट के मुताबिक, क्लस्टर सिरदर्द एक दुर्लभ और गंभीर प्रकार का सिरदर्द है, जो सिर के एक तरफ की आंख में या उसके आसपास तेज दर्द पैदा करता है. सिर दर्द होना सामान्य बात है. थकान या अधिक काम के दौरान ये दिक्कत अक्सर महसूस हो जाती है. लेकिन क्लस्टर हेडेक इससे अलग है. इसमें तेज जलन और चुभने वाला असहनीय दर्द होता है. यह एकबार में एक आंख के आसपास या चेहरे के एक हिस्से में हो सकता है. हर बार सिरदर्द 15 मिनट से तीन घंटे तक रह सकता है. इसे मेडिकल भाषा में प्राइमरी हेडेक डिसऑर्डर कहते हैं. दर्द के कारण आंखों में सूजन और नाक चॉक जैसी शिकायत होती है. अक्सर यह दर्द आंख के इर्द-गिर्द कनपटी और चेहरे पर महसूस होता है. इस दर्द में रात की नींद और दिन का चैन गायब हो जाता है.
क्लस्टर हेडेक से बचाव टिप्स | cluster headache relief tips
- क्लस्टर हेडेक की दिक्कत से जूझ रहे हैं तो अधिक समय तक धूप में रहने और गर्म वातावरण वाली जगहों पर जाने से बचें.
- इंटेंस एक्सरसाइज करने से बचें. ऐसा करने से बॉडी में हीट पैदा होती है, जिससे फिर से क्लस्टर हेडेक के अटैक का रिस्क बढ़ जाता है.
- प्रॉपर नींद लें.इसका रूटीन तय करें और प्रोटीन से भरपूर फूड शामिल करें.
- स्मोकिंग और अल्कोहल से बचें. ये दोनों गंदी आदतें क्लस्टर हेडेक के रिस्क को बढ़ाती हैं.
ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया क्या है? What is trigeminal neuralgia
इस बीमारी को जानने से पहले ये समझना जरूरी है कि ट्राइजेमिनल नर्व क्या होती है? ये नर्व ह्यूमन बॉडी में चेहरे और दिगाम के बीच संदेश वाहक के रूप में काम करती है. यानी चेहरे से लेकर दिमाग तक में दर्द, किसी के स्पर्श और टेंपरेचर से संबंधित संवेदनाओं को भेजती है. ट्राइजेमिनल नर्व पर प्रेशर पड़ता है या फिर ये डैमेज होना शुरू होती है तो ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया की स्थिति बनती है. हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक इस बीमारी की वजह से काफी ज्यादा दर्द होता है. दर्द इस कदर असहनीय होता है कि दांत तक साफ करने में तकलीफ होती है. चेहरे की स्किन इतनी ज्यादा सेंसटिव हो जाती है कि छूने से भी करंट जैसा झटका लगने लगता है. हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया एक तरह की क्राॅनिक पेन डिजीज है. इसकी वजह फिलहाल पता नहीं लग पाई है. बता दें कि बॉलीवुड एक्टर सलमान खान भी इस खतरनाक बीमारी से जूझ चुके हैं.