Live TV
Search
Home > India News > एक्सएलआरआई के एक्ससाइट ने अपने प्रथम ग्रामीण व्यवसाय ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन आमंत्रित किए

एक्सएलआरआई के एक्ससाइट ने अपने प्रथम ग्रामीण व्यवसाय ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन आमंत्रित किए

Written By:
Last Updated: July 16, 2026 15:52:15 IST

Mobile Ads 1x1

जमशेदपुर (झारखंड) [भारत], 15 जुलाई: एक्ससाइट (एक्सएलआरआई नवाचार, प्रौद्योगिकी एवं उद्यमिता परिषद), जो एक्सएलआरआई, ज़ेवियर प्रबंधन संस्थान में राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) के सहयोग से स्थापित ग्रामीण व्यवसाय ऊष्मायन केंद्र है, ने अपने प्रथम ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ करने की घोषणा की है। इस पहल के माध्यम से भारत के पूर्वी एवं उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के 12 राज्यों के इच्छुक उद्यमियों को टिकाऊ, प्रभावशाली और ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने वाले उद्यम स्थापित करने का अवसर प्रदान किया जाएगा।

यह ऊष्मायन कार्यक्रम झारखंड, बिहार, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिज़ोरम, नागालैंड और त्रिपुरा के उद्यमियों के लिए खुला है। एक्ससाइट का उद्देश्य ऐसे नवाचारी उद्यमों की पहचान करना और उन्हें प्रोत्साहित करना है, जो ग्रामीण चुनौतियों का समाधान प्रस्तुत करते हुए सतत आजीविका के अवसर सृजित करें तथा समावेशी आर्थिक विकास में योगदान दें।

यह ऊष्मायन केंद्र विशेष रूप से महिला-नेतृत्व वाले एवं जनजातीय समुदाय द्वारा संचालित उद्यमों पर ध्यान केंद्रित करेगा। साथ ही कृषि, कृषि से इतर आजीविका, गैर-काष्ठ वन उपज (एनटीएफपी), हस्तशिल्प, ग्रामीण सेवाएँ, सतत विकास, हरित ऊर्जा, परिपत्र अर्थव्यवस्था तथा अन्य ग्रामीण आजीविका से जुड़े क्षेत्रों में कार्यरत उद्यमों को प्राथमिकता दी जाएगी। कार्यक्रम का उद्देश्य ऐसे बाज़ारोन्मुख, विस्तार योग्य और ग्रामीण समुदायों में दीर्घकालिक सामाजिक एवं आर्थिक प्रभाव उत्पन्न करने वाले उद्यमों को सहयोग प्रदान करना है।

चयनित उद्यमी छह माह के मिश्रित ऊष्मायन कार्यक्रम में भाग लेंगे, जिसमें ऑनलाइन मार्गदर्शन सत्रों के साथ-साथ एक्सएलआरआई, जमशेदपुर परिसर में आयोजित विशेष प्रशिक्षण शिविर भी शामिल होंगे। प्रतिभागियों को ₹5 लाख तक की अनुदान सहायता, विषय विशेषज्ञों का संरचित मार्गदर्शन, व्यवसाय मॉडल विकसित करने में सहयोग, बाज़ार तक पहुँच संबंधी सलाह, निवेशकों एवं उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़ने के अवसर, सह-शिक्षण तथा एक्सएलआरआई और नाबार्ड के व्यापक नेटवर्क का लाभ प्राप्त होगा।

इस अवसर पर एक्ससाइट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रविश वासन ने कहा,
“एक्ससाइट का उद्देश्य ऐसे उद्यमों को विकसित करना है, जो व्यावसायिक सफलता के साथ-साथ सामाजिक प्रभाव भी उत्पन्न करें और ग्रामीण समुदायों को भारत की विकास यात्रा का सक्रिय भागीदार बनने के लिए सशक्त बनाएँ।”

प्रथम ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन 25 जुलाई 2026 तक स्वीकार किए जाएँगे।

इच्छुक उद्यमी निम्नलिखित माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं:
https://xcite.accubate.app/ext/form/23776/1/apply

अधिक जानकारी के लिए इच्छुक उद्यमी एवं उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़े साझेदार एक्ससाइट, एक्सएलआरआई – ज़ेवियर प्रबंधन संस्थान से संपर्क कर सकते हैं।

अधिक जानकारी के लिए:
https://xlri.ac.in/xcite

(The article has been published through a syndicated feed. Except for the headline, the content has been published verbatim. Liability lies with original publisher.)

MORE NEWS

Home > India News > एक्सएलआरआई के एक्ससाइट ने अपने प्रथम ग्रामीण व्यवसाय ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन आमंत्रित किए

Written By:
Last Updated: July 16, 2026 15:52:15 IST

Mobile Ads 1x1

जमशेदपुर (झारखंड) [भारत], 15 जुलाई: एक्ससाइट (एक्सएलआरआई नवाचार, प्रौद्योगिकी एवं उद्यमिता परिषद), जो एक्सएलआरआई, ज़ेवियर प्रबंधन संस्थान में राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) के सहयोग से स्थापित ग्रामीण व्यवसाय ऊष्मायन केंद्र है, ने अपने प्रथम ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ करने की घोषणा की है। इस पहल के माध्यम से भारत के पूर्वी एवं उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के 12 राज्यों के इच्छुक उद्यमियों को टिकाऊ, प्रभावशाली और ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने वाले उद्यम स्थापित करने का अवसर प्रदान किया जाएगा।

यह ऊष्मायन कार्यक्रम झारखंड, बिहार, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिज़ोरम, नागालैंड और त्रिपुरा के उद्यमियों के लिए खुला है। एक्ससाइट का उद्देश्य ऐसे नवाचारी उद्यमों की पहचान करना और उन्हें प्रोत्साहित करना है, जो ग्रामीण चुनौतियों का समाधान प्रस्तुत करते हुए सतत आजीविका के अवसर सृजित करें तथा समावेशी आर्थिक विकास में योगदान दें।

यह ऊष्मायन केंद्र विशेष रूप से महिला-नेतृत्व वाले एवं जनजातीय समुदाय द्वारा संचालित उद्यमों पर ध्यान केंद्रित करेगा। साथ ही कृषि, कृषि से इतर आजीविका, गैर-काष्ठ वन उपज (एनटीएफपी), हस्तशिल्प, ग्रामीण सेवाएँ, सतत विकास, हरित ऊर्जा, परिपत्र अर्थव्यवस्था तथा अन्य ग्रामीण आजीविका से जुड़े क्षेत्रों में कार्यरत उद्यमों को प्राथमिकता दी जाएगी। कार्यक्रम का उद्देश्य ऐसे बाज़ारोन्मुख, विस्तार योग्य और ग्रामीण समुदायों में दीर्घकालिक सामाजिक एवं आर्थिक प्रभाव उत्पन्न करने वाले उद्यमों को सहयोग प्रदान करना है।

चयनित उद्यमी छह माह के मिश्रित ऊष्मायन कार्यक्रम में भाग लेंगे, जिसमें ऑनलाइन मार्गदर्शन सत्रों के साथ-साथ एक्सएलआरआई, जमशेदपुर परिसर में आयोजित विशेष प्रशिक्षण शिविर भी शामिल होंगे। प्रतिभागियों को ₹5 लाख तक की अनुदान सहायता, विषय विशेषज्ञों का संरचित मार्गदर्शन, व्यवसाय मॉडल विकसित करने में सहयोग, बाज़ार तक पहुँच संबंधी सलाह, निवेशकों एवं उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़ने के अवसर, सह-शिक्षण तथा एक्सएलआरआई और नाबार्ड के व्यापक नेटवर्क का लाभ प्राप्त होगा।

इस अवसर पर एक्ससाइट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रविश वासन ने कहा,
“एक्ससाइट का उद्देश्य ऐसे उद्यमों को विकसित करना है, जो व्यावसायिक सफलता के साथ-साथ सामाजिक प्रभाव भी उत्पन्न करें और ग्रामीण समुदायों को भारत की विकास यात्रा का सक्रिय भागीदार बनने के लिए सशक्त बनाएँ।”

प्रथम ऊष्मायन समूह के लिए आवेदन 25 जुलाई 2026 तक स्वीकार किए जाएँगे।

इच्छुक उद्यमी निम्नलिखित माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं:
https://xcite.accubate.app/ext/form/23776/1/apply

अधिक जानकारी के लिए इच्छुक उद्यमी एवं उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़े साझेदार एक्ससाइट, एक्सएलआरआई – ज़ेवियर प्रबंधन संस्थान से संपर्क कर सकते हैं।

अधिक जानकारी के लिए:
https://xlri.ac.in/xcite

(The article has been published through a syndicated feed. Except for the headline, the content has been published verbatim. Liability lies with original publisher.)

MORE NEWS