Mohammed Shami Birthday Special: भारतीय टीम के स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी आज 3 सितंबर को अपना जन्मदिन मना रहे हैं. मैदान पर अपनी तेजतर्रार गेंदों से दुनिया भर के बल्लेबाजों के स्टंप उखाड़ने वाले शमी ने सफलता के जिस मुकाम को हासिल किया है, वहां तक पहुँचने का रास्ता बेहद कांटों भरा रहा है. आज लाखों युवाओं के हीरो बन चुके शमी की जिंदगी में एक वक्त ऐसा भी आया था जब वह डिप्रेशन और सुसाइड के विचारों से जूझ रहे थे.
शमी का जीवन किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं रहा है. एक तरफ जहाँ उनका क्रिकेट करियर ऊंचाइयों को छू रहा था, वहीं दूसरी तरफ उनके निजी जीवन में दुखों का पहाड़ टूट पड़ा था.
हसीन जहां के आरोप और बिखरती जिंदगी
साल 2014 में शमी ने हसीन जहां से शादी की थी. लेकिन साल 2018 में उनकी शादीशुदा जिंदगी में ऐसा तूफान आया जिसने सब कुछ तहस-नहस कर दिया. उनकी पत्नी हसीन जहां ने उन पर घरेलू हिंसा, मारपीट और जहर देने की कोशिश जैसे गंभीर आरोप लगाए थे. इस विवाद में शमी के पूरे परिवार को घसीट लिया गया था.
जब देश से गद्दारी का लगा आरोप
शमी के लिए सबसे बड़ा झटका तब लगा जब उन पर पाकिस्तान के साथ मिलकर मैच फिक्सिंग करने का आरोप लगा. क्रिकेट को अपनी पूजा मानने वाले शमी के लिए यह आरोप सहन कर पाना असंभव था.
शमी ने खुद भी बाद में इस बात का जिक्र किया था कि वह हर तरह का दुख सह सकते थे, लेकिन देशद्रोह का दाग उनके लिए बर्दाश्त से बाहर था. उस वक्त बीसीसीआई (BCCI) ने उनका सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट रोक दिया था और उनका करियर खत्म होने की कगार पर पहुँच गया था.
19वीं मंजिल की बालकनी से जुड़ा वो पुराना किस्सा
उस मुश्किल दौर में शमी मानसिक रूप से किस कदर टूट चुके थे, इसका अंदाजा उनके दोस्त उमेश कुमार के एक पुराने इंटरव्यू से लगाया जा सकता है. उमेश कुमार ने एक बातचीत में शमी की जिंदगी से जुड़े उस खौफनाक दौर का जिक्र किया था.
उमेश कुमार के मुताबिक, उन दिनों शमी उनके घर पर ही रुक रहे थे. एक रात करीब 4 बजे जब उमेश पानी पीने के लिए उठे, तो उन्होंने देखा कि शमी 19वीं मंजिल की बालकनी में खड़े हैं. उमेश समझ गए थे कि शमी के मन में क्या चल रहा है. उन्होंने तुरंत पहुंचकर शमी को संभाला था.
एक मैसेज से मिली थी नई उम्मीद
उमेश कुमार ने अपने उस बयान में यह भी बताया था कि उस कठिन समय के कुछ दिनों बाद शमी को एक मैसेज मिला था. वह मैसेज बीसीसीआई की एंटी-करप्शन यूनिट की ओर से आया था, जिसमें उन्हें मैच फिक्सिंग के सभी आरोपों से पूरी तरह बरी कर दिया गया था. क्लीन चिट का वह मैसेज शमी के लिए किसी संजीवनी से कम नहीं था.
दुखों को पीछे छोड़ बने हीरो
शमी ने उन तमाम विवादों, आरोपों और मानसिक तनाव से बाहर निकलकर मैदान पर जो वापसी की, उसने इतिहास रच दिया. वर्ल्ड कप जैसे बड़े मंचों पर अपनी गेंदबाजी से भारत को जीत दिलाने वाले मोहम्मद शमी आज लाखों लोगों के लिए हिम्मत की मिसाल हैं.
अभी क्या कर रहे हैं मोहम्मद शमी?
मोहम्मद शमी ने भारत के लिए अपना आखिरी मैच चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के फाइनल में खेला था. इसके बाद उन्हें टीम इंडिया से बाहर कर दिया गया था. फिलहाल वह घरेलू क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन करके टीम इंडिया में वापसी की राह तलाश रहे हैं. मौजूदा समय में वह ईस्ट जोन के लिए दलीप ट्रॉफी खेल रहे हैं और अपनी धारदार गेंदबाजी से चयनकर्ताओं का ध्यान खींचने में लगे हैं.