31
LIV MORGAN: आज दुनिया भर में अपनी पहचान बना चुकी लिव मॉर्गन का बचपन बेहद मुश्किलों में बीता. उनका असली नाम जियोना जीन डाडियो है. उनका जन्म अमेरिका के न्यू जर्सी में हुआ था. जब वह बहुत छोटी थीं, तभी उनके पिता का निधन हो गया. इसके बाद उनकी मां ने अकेले ही छह बच्चों की परवरिश की. लिव मॉर्गन की मां ने बेहद संघर्ष किया. परिवार की आर्थिक हालत इतनी खराब थी कि कई बार घर चलाना भी मुश्किल हो जाता था. लिव ने खुद कई बार बताया है कि उनके घर में केबल टीवी तक नहीं था और परिवार के पास बहुत कम साधन थे.
उनकी मां ने अकेले ही चार बेटों और दो बेटियों को पाला. गरीबी के बावजूद उन्होंने कभी अपने बच्चों के सपनों को मरने नहीं दिया. लिव मॉर्गन बचपन से ही कुश्ती की बड़ी प्रशंसक थीं. वह अपने भाइयों के साथ घर के पीछे वाले मैदान में नकली मुकाबले खेलती थीं और सपना देखती थीं कि एक दिन वह भी बड़ी स्टार बनेंगी.
स्कूल के दिनों में भी उनकी जिंदगी आसान नहीं थी. पारिवारिक और आर्थिक परेशानियों की वजह से उन्हें पढ़ाई बीच में छोड़नी पड़ी. बाद में उन्होंने अलग से परीक्षा पास करके अपनी पढ़ाई पूरी की. घर की मदद करने के लिए लिव मॉर्गन ने कम उम्र में काम करना शुरू कर दिया. उन्होंने एक रेस्तरां में काम किया और मॉडलिंग भी की. इसी दौरान उनकी मुलाकात कुछ ऐसे लोगों से हुई जिन्होंने उन्हें कुश्ती की ट्रेनिंग लेने के लिए प्रेरित किया.
इसके बाद उनकी जिंदगी बदलने लगी. उन्होंने कड़ी मेहनत की, ट्रेनिंग ली और आखिरकार उन्हें डब्ल्यूडब्ल्यूई में मौका मिल गया. साल 2014 में उन्होंने कंपनी के साथ करार किया और कुछ ही वर्षों में वह दुनिया की सबसे लोकप्रिय महिला रेसलरों में शामिल हो गईं. लिव मॉर्गन ने कई बार कहा है कि वह डब्ल्यूडब्ल्यूई में सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि अपने परिवार के लिए सफल होना चाहती थीं. उन्हें हमेशा लगता था कि अगर वह सफल हो जाएंगी तो अपनी मां और भाई-बहनों की जिंदगी बदल सकती हैं. आज वही लड़की, जिसने कभी गरीबी और संघर्ष में बचपन बिताया था, डब्ल्यूडब्ल्यूई की सबसे बड़ी सितारों में गिनी जाती है.