Rajasthan Cyber Crime: देश में साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं. साइबर ठग गरीब से अमीर तक सबको अपना शिकार बना रहे हैं. इंटरनेट, सोशल मीडिया और नॉर्मल मैसेज से वीडियो कॉल तक अनेक तरीकों का इस्तेमाल कर साइबर ठग लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं. इसके अलावा फर्जी कंपनियां भी लोगों के साथ ठगी कर रही हैं. इसी तरह एक मामला राजस्थान के कोटा में देखने को मिला. यहां दो साल पहले एक फर्जी कंपनी खोली गई थी. इसके जरिए लगभग 8500 लोगों के साथ ठगी की गई. आरोपी ने करोड़ों हड़प लिए और ऑफिस बंद कर फरार हो गया.
आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने उस पर लगभग 50 हजार रुपये का इनाम रखा. अब आरोपी को बिहार से गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी बिहार का रहने वाला है और अंतर्राज्यीय गिरोह का मास्टमाइंड निकला.
8500 लोगों से ठगी की मिली थी शिकायत
जानकारी के अनुसार, कोटा के अनंतपुरा पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जो लोगों को घर बैठे रोजगार का झांसा देकर अपने जाल में फंसाता था. पुलिस अधीक्षक तेजस्वनी गौतम ने बताया कि 15 नवंबर 2025 को अनंतपुरा थाने में कुलदीप शर्मा समेत कई पीड़ितों ने शिकायत दी कि ओएसिस एंटरप्राइजेज नाम की कंपनी ने लोगों को घर बैठे रोजगार का झांसा देकर अपने जाल में फंसाया. उसने 2500 रुपये सुरक्षा राशि के नाम पर लगभग 8500 लोगों से ठगी की. उसने इन लोगों से कुल 2 करोड़ रुपये की ठगी की. इसके बाद ऑफिस बंद करके फरार हो गया.
बिहार से पकड़ा गया आरोपी
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए SIT टीम गठित की. आईजी कोटा रेंज ने आरोपी पर 50 हजार का इनाम घोषित कर दिया. इसके बाद सर्विलांस और तमाम तकनीकी मदद से आरोपी के बिहार में होने के बारे में पता चला. पुलिस बिहार के नवगछिया स्थित होटल में पहुंची और दबिश देकर आरोपी सानू उर्फ दीपक सिंह को गिरफ्तार कर लिया. आरोपी बिहार के खगड़िया जिले का निवासी बताया जा रहा है. उसके पास से नकदी, फर्जी दस्तावेज और एक कार भी बरामद की गई है.