Rajasthan News: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल ने आमेर के मजदूर लादूराम के घर खाना खाया. इस दौरान उन्होंने काचरी और ग्वार फली की सब्जी की जमकर तारीफ भी की. सीएम भजनलाल ने भोजन से प्रभावित होकर पूछा कि इतनी स्वादिष्ट सब्जी बनाई किसने है?
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा रविवार को अजमेर जिले के दौरे पर रहे. यह दौरा उस समय चर्चा का केन्द्र बन गया, जब सीएम ने एक मजदूर के घर भोजन किया. गौरतलब है कि 59 वर्षीय लादूराम, जो कि पेशे से एक मजदूर हैं, मकान निर्माण का कार्य करते हैं.
उनके परिवार में चार बेटे, बहुएं और पोते-पोतियां शामिल हैं. इस दौरान सीएम भजनलाल ने बेहद आत्मीय माहौल में खाना खाया और परिवार के संग खाट पर बैठकर बातचीत की और ग्रामीण परिवेश का आनंद लेते हुए पारंपरिक व्यंजनों का लुत्फ उठाया.
मुख्यमंत्री ने की व्यंजनों की तारीफ
भोजन के दौरान मुख्यमंत्री ने खाने को स्वादिष्ट और परंपरागत बताया. खासतौर पर उन्होंने काचरी और ग्वार फली की सब्जी की जमकर तारीफ की. लादूराम के घर के खाने से प्रभावित होकर उन्होंने पूछा सब्जी किसने बनाई है, तब लादूराम की पत्नी गीता ने बोला उन्होंने भोजन स्वंय तैयार किया है.
यह सुनकर मुख्यमंत्री ने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि उनकी पत्नी का नाम भी गीता है. सीएम की इस बात पर वहां मौजूद सभी लोग हंसने लगे माहौल खुशनुमा हो गया. ग्रामीण परिवार और मुख्यमंत्री के बीच यह सौहार्द पूरे कार्यक्रम का सबसे यादगार पल बन गया.
पिछले तीन दिनों से सीएम के आगमन की चल रही थी तैयारी
लादूराम के परिवार ने बताया कि मुख्यमंत्री के आगमन के लिए पिछले तीन दिनों से तैयारियां चल रही थीं. परिवार पूरी श्रद्धा और तन्मयता के साथ भोजन की तैयारियों में जुटी रही. राजस्थानी परंपरागत व्यंजन तैयार किए गए, विभिन्न प्रकार की सब्जी,ग्वार फली, काचरी की सब्जी,पनीर की सब्जी, रोटियां, चावल मुख्यमंत्री को परोसे गए. सीएम भजनलाल ने भोजन की सादगी और परिवार की मेहनत की तारीफ की.
लखपति दीदी योजना से हुए सपने साकार
इससे पहले कड़ेल ग्राम पंचायत में आयोजित ‘ग्राम विकास चौपाल’ के दौरान मुख्यमंत्री ने गृहिणी से लखपति दीदी बनने के अपने सफर को भी साझा किया. मुख्यमंत्री ने कहा कि लखपति दीदी योजना में महिलाओं को मिलने वाली ऋण राशि की सीमा को एक लाख से बढ़ाकर डेढ़ लाख कर दी गई है और ब्याज की दर घटाकर 2.5 प्रतिशत से 1.5 प्रतिशत कर दी गई हैं. ताकि ज्यादा से ज्यादा बहनें एवं माताएं इस योजना से जुड़ कर लाभ प्राप्त कर सकें.