<
Categories: धर्म

Adhik Maas 2026: अधिक मास क्या होता है और इसका क्या रहस्य है, जानें भगवान विष्णु से जुड़ी मान्यता

Malmass Kya hota Hai: अधिक मास या मलमास की शुरुवात बस कुछ ही दिनों में होने वाली है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि अधिक मास की शुरुवात कब से और कैसे हुई थी.आइए जानते हैं,भगवान विष्णु के साल का 13वां महीना बनने के पीछे की पुरी कहानी के बारे में.

Adhik maas Kya hota: सनातन धर्म में अधिक मास को अत्यंत पवित्र और पुण्यदायक समय माना जाता है. इसे ‘पुरुषोत्तम मास’, ‘मलमास’ और ‘अधिमास’ जैसे नामों से भी जाना जाता है. यह महीना लगभग हर तीन वर्ष में एक बार आता है और हिंदू पंचांग में अतिरिक्त यानी 13वें महीने के रूप में जुड़ता है. वर्ष 2026 में इसकी शुरुआत 17 मई से मानी जा रही है.

अधिक मास को लेकर कई धार्मिक मान्यताएं प्रचलित हैं, लेकिन इससे जुड़ी एक रोचक पौराणिक कथा भगवान विष्णु, भक्त प्रह्लाद और दैत्यराज हिरण्यकश्यप से संबंधित बताई जाती है. आइए जानते हैं इस रहस्य को विस्तार से.

हिरण्यकश्यप को मिला था अद्भुत वरदान

पौराणिक कथाओं के अनुसार, हिरण्यकश्यप ने कठोर तपस्या कर भगवान ब्रह्मा को प्रसन्न किया. वरदान मांगते समय उसने ऐसा संरक्षण मांगा कि उसका अंत लगभग असंभव हो जाए.

उसने इच्छा जताई कि-

  • उसकी मृत्यु न किसी मनुष्य से हो
  • न किसी पशु से हो
  • न देवता उसे मार सकें, न दैत्य
  • न दिन में मृत्यु हो, न रात में
  • न घर के अंदर मरे, न बाहर
  • न धरती पर मरे, न आकाश में
  • न किसी अस्त्र से, न शस्त्र से
  • और न ही वर्ष के 12 महीनों में उसका अंत हो

ब्रह्मा जी ने वरदान दे दिया. इसके बाद हिरण्यकश्यप अत्याचारी बन गया और स्वयं को ईश्वर घोषित करने लगा.

भक्त प्रह्लाद पर अत्याचार

हिरण्यकश्यप का पुत्र ‘प्रह्लाद’, भगवान विष्णु का परम भक्त था. यह बात दैत्यराज को स्वीकार नहीं थी. उसने कई बार प्रह्लाद की भक्ति तोड़ने का प्रयास किया.

कथाओं में वर्णन मिलता है कि उसने:

  • प्रह्लाद को ऊंचाई से गिरवाने की कोशिश की
  • हाथियों से कुचलवाने का प्रयास किया
  • विष दिलाने का प्रयास किया
  • होलिका के साथ अग्नि में बैठाया

लेकिन हर बार भगवान विष्णु की कृपा से प्रह्लाद सुरक्षित रहे.

भगवान विष्णु ने कैसे तोड़ा वरदान?

जब अत्याचार सीमा पार कर गया, तब भगवान विष्णु ने नरसिंह अवतार धारण किया. यह रूप आधा मनुष्य और आधा सिंह था.इस अवतार में भगवान ने हिरण्यकश्यप का अंत इस प्रकार किया 

  • वे न पूर्ण मनुष्य थे, न पशु
  • समय था गोधूलि बेला, जो न दिन था न रात
  • स्थान था दहलीज, जो न अंदर था न बाहर
  • हिरण्यकश्यप को अपनी जांघों पर रखा, जो न धरती थी न आकाश
  • नाखूनों से वध किया, जो न अस्त्र थे न शस्त्र

इस तरह भगवान विष्णु ने वरदान की हर शर्त का सम्मान रखते हुए अधर्म का नाश किया.

क्यों बना साल का 13वां महीना? (Malmass Kya hota Hai)

मान्यता है कि हिरण्यकश्यप ने यह भी वरदान लिया था कि उसका वध वर्ष के सामान्य 12 महीनों में न हो. तब भगवान विष्णु ने समय चक्र में एक अतिरिक्त माह की रचना की, जो 12 महीनों से अलग था.इसी अतिरिक्त महीने में भगवान नरसिंह ने दैत्यराज का अंत किया. इसलिए यह महीना अधिक मास कहलाया.चूंकि यह महीना भगवान विष्णु यानी पुरुषोत्तम से जुड़ा माना गया, इसलिए इसे पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है.

  Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियों का हम यह दावा नहीं करते कि ये जानकारी पूर्णतया सत्य एवं सटीक है. पाठकों से अनुरोध है कि इस लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें. India News इसकी सत्यता का दावा नहीं करता है.

Shivashakti narayan singh

मूल रूप से चन्दौली जनपद के निवासी शिवशक्ति नारायण सिंह ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है. वर्तमान में वे इंडिया न्यूज़ के साथ कार्यरत हैं. एस्ट्रो (ज्योतिष) और लाइफ़स्टाइल विषयों पर लेखन में उन्हें विशेष रुचि और अनुभव है. इसके अलावा हेल्थ और पॉलिटिकल कवरेज से जुड़े मुद्दों पर भी वे नियमित रूप से लेखन करते हैं.तथ्यपरक, सरल और पाठकों को जागरूक करने वाला कंटेंट तैयार करना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है.डिजिटल मीडिया में विश्वसनीय और प्रभावी पत्रकारिता को लेकर वे निरंतर अभ्यासरत हैं.

Recent Posts

‘रेड बुल तुम्हारे मुंह पर उड़ेल दूंगा…’ वीरेंद्र सहवाग की कार्तिक को धमकी, शार्दुल ठाकुर से जुड़ा है पूरा मामला

MI vs SRH: मैच की एनालिसिस के दौरान मुरली कार्तिक और वीरेंद्र सहवाग के बातचीत…

Last Updated: April 30, 2026 14:39:14 IST

वह महान एक्टर जिसने अटल बिहारी वाजपेयी को हराने में निभाया का अहम रोल, भाजपा को चुभती है हार

Atal Bihari Vajpayee Lost 1962 lok Sabha Election: 1962 में हुई लोकसभा चुनाव में बलराज…

Last Updated: April 30, 2026 14:29:17 IST

गर्मियों में 12 बजते ही क्यों सताने लगती है नींद? दोपहर होते ही क्यों लेने लगते हैं झपकी, क्या कहता है साइंस?

गर्मियों के मौसम में दोपहर के समय सबसे ज्यादा नींद आती है. बहुत से लोग…

Last Updated: April 30, 2026 14:02:25 IST

IPL Match Abandon Reason: सिर्फ बारिश ही नहीं… इन 5 कारणों से भी रद्द हो सकते हैं आईपीएल मैच, आप शायद ही जानते होंगे

IPL Match Abandon Reasons: आईपीएल मैच रद्द होने का बारिश सबसे सामान्य कारण जरूर है,…

Last Updated: April 30, 2026 13:57:21 IST

कभी ऐश्वर्या राय के प्यार में दीवाने थे विवेक ओबेरॉय, सलमान खान देते थे धमकी, ब्रेकअप के बाद टूट गए एक्टर

Vivek Oberoi-Aishwarya Rai Love Story: बॉलीवुड की दुनिया में कुछ ऐसी प्रेम कहानियां हैं, जिसने…

Last Updated: April 30, 2026 14:34:30 IST