Urmila Bhatt Murder Mistery: दूरदर्शन के लिए रामायण धरावाहिक बनाने वाले रामानंद सागर ने अरुण गोविल, दीपिका चिखलिया और सुनील लहरी के अलावा एक गजब की टैलेंटेड एक्ट्रेस को कास्ट किया था. नाम था उर्मिला भट्टा, जिन्हें राजा जनक की रानी और सीता-उर्मिला की मां का किरदार निभाने का मौका मिला. टीवी पर वो हूबहू सीता की असली मां लगती थीं. इस धारावाहिक के अलावा, उर्मिला भट्ट ने कई बड़ी फिल्में साइन कीं और अमिताभ बच्चन के साथ भी बॉलीवुड में काम किया, लेकिन एक दिन अचानक उनकी लाश घर के अंदर बड़ी निर्मम अवस्था में मिली.
उर्मिला भट्ट की मौत ने पूरी इंडस्ट्री को स्तब्ध कर दिया था. हालांकि एक्ट्रेस की हत्या को आज पूरे 29 साल हो गए हैं, लेकिन न कातिल को पकड़ा जा सका और न ही ये मर्डर मिस्ट्री सॉल्व हो पाई. जानें क्या था पूरा मामला-
बॉलीवुड में बना चुकी थीं बड़ा नाम
उर्मिला भट्ट, बॉलीवुड का कोई साधारण नाम नहीं थीं. उन्होंने रामानंद सागर की रामायण के अलावा कई टीवी सीरियलों में भी काम किया था. फिल्मों में भी एक्ट्रेस को अमिताभ बच्चन, दिलीप कुमार, सुनील दत्त और राज कुमार जैसे बड़े नामों के साथ ब्रेक मिल चुका था. भविष्य में कई बड़ी फिल्में साइन करने वाली थीं. हर तरफ उनके रामायण में निभाए गए ‘रानी सुनयना’ के रोल के चर्चे थे, लेकिन एक्ट्रेस को इस तरह गहरे अंधेरे में जाना पड़ेगा, ये किसी ने नहीं सोचा था.
रात हुई मौत, सुबह मिला शव
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो एक्ट्रेस उर्मिला भट्ट का शव 23 फरवरी 1977 की सुबह उनके घर में मिला. एक्ट्रेस के पति किसी काम से शहर के बाहर गए हुए थे. 22 फरवरी की रात उर्मिला अपने घर पर अकेली थीं. रेडिफ की रिपोर्ट के मुताबिक, 23 फरवरी 1977 की सुबह, जब एक्ट्रेस का दामाद उनसे मिलने घर आया तो किसी ने गेट नहीं खोला.
उस वक्त नौकर की एंट्री हुई और अंदर से फिर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. जब इस बात की खबर बेटी को दी गई तो जैसे-तैसे घर का दरवाजा खोला गया. घर के अंदर सामान अस्त-व्यस्त था और सामने खून से लथपथ उर्मिला भट्ट का शव पड़ा था. एक्ट्रेस के हाथ-पैर बंधे हुए थे, गले पर बड़ा कट लगा हुआ था.
आज तक नहीं सुलझी मिस्ट्री
उर्मिला भट्ट की मौत के बाद पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया और अज्ञान लोगों के खिलाफ हत्या और चोरी से जुड़ी धाराएं लगाके केस दर्ज किया, क्योंकि घर का सामान गहने आदि भी चोरी हुए थे, इसलिए जांच की रफ्तार को बढ़ाया गया. हालांकि केस में न हत्यारों का कोई सुराग लगा और न मर्डर के कारणों का पता चल पाया.
खबरों की मानें तो उर्मिला भट्ट कॉलेज सम से ही थिएटर और गुजराती सिनेमा में काम कर ही थीं. इसी दौरान बीआर. चोपड़ा ने उन्हें 1967 की रिलीज ‘हमराज’ में काम करने की पेशकश की. उनकी बढ़ती पॉपुलैरिटी के बाद 80 के दशक में रामानंद सागर की ‘रामायण’ में रानी सुनयना का रोल मिला.