Manipur Earthquake: नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (NCS) के अनुसार, मंगलवार सुबह मणिपुर में 5.2 तीव्रता का भूकंप आया. यह झटका 21 अप्रैल को सुबह 5:59 बजे महसूस किया गया, जिसका केंद्र कामजोंग में था. NCS ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा कि भूकंप की तीव्रता 5.2 थी, जोकि 21 अप्रैल को सुबह करीब 6 बजे महसूस किए. जिसका केंद्र कामजोंग मणिपुर बताया जा रहा है.
बताया जा रहा है कि भूकंप सतह से 62 किलोमीटर की गहराई पर उत्पन्न हुआ, जो एक मध्यम गहराई वाली भूकंपीय घटना का संकेत है. खबर लिखे जाने तक किसी बड़े नुकसान या हताहतों की कोई रिपोर्ट सामने नहीं आई है.
मणिपुर में विरोध प्रदर्शन जारी
इस बीच, मणिपुर में बंद, विरोध प्रदर्शन और हत्याओं का सिलसिला जारी है, जिससे घाटी के इलाकों में लोगों को लगातार मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. अधिकारियों ने बताया कि सोमवार को मणिपुर के कई पहाड़ी और घाटी वाले जिलों में सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया, क्योंकि अलग-अलग संगठनों द्वारा बुलाए गए दो अलग-अलग बंदों का पालन किया गया. ये बंद इस महीने की शुरुआत में संदिग्ध उग्रवादियों द्वारा दो बच्चों और कुछ नागरिकों की हत्या के विरोध में बुलाए गए थे.
मैतेई समुदाय के प्रभुत्व वाले सभी 5 घाटी जिलों, साथ ही नागा-बहुल जिलों उखरुल और सेनापति में स्कूल, कॉलेज और बाज़ार बंद रहे और सार्वजनिक परिवहन सड़कों से नदारद रहा.
महिलाओं के समूह ने किया एलान
राज्य की राजधानी में उरीपोक और नागराम सहित इंफाल घाटी के कई स्थानों पर विरोध प्रदर्शन आयोजित किए गए. महिलाओं के समूह ‘मीरा पैबी’ ने रविवार से शुरू होने वाले पाँच दिवसीय बंद का आह्वान किया है. यह बंद बिष्णुपुर जिले के त्रोंगलाओबी में 7 अप्रैल को हुए बम हमले के विरोध में है, जिसमें एक 5 वर्षीय लड़का और उसकी छह महीने की बहन सोते समय मारे गए थे, जबकि उनकी मां घायल हो गई थीं. इस घटना के बाद हुए विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गए, जिसमें तीन लोग मारे गए और लगभग 30 अन्य घायल हो गए. यह घटना तब हुई जब भीड़ ने पास के CRPF कैंप में घुसने की कोशिश की और सुरक्षा बलों ने गोलीबारी कर दी.