Shravan Monday Satvik Food: सावन सोमवार की पूजा के बाद महादेव को लगाएं ये भोग, जानें पूरी सात्विक थाली में क्या रखें
Shravan Monday Satvik Food: सावन का महीना अब अंतिम पड़ाव पर है और आखिरी सोमवार को भगवान शिव की विशेष पूजा की जाती है. इस दिन व्रत रखने वाले भक्त महादेव को अपनी श्रद्धा के अनुसार फल, मिठाई और सात्विक भोजन का भोग लगा सकते हैं. अगर आपको भोग की थाली को लेकर असमंजस है, तो इन फलाहारी और सात्विक विकल्पों को शामिल किया जा सकता है.
सावन के आखिरी सोमवार पर महादेव को लगाएं खास भोग
सावन का महीना अब अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गया है. 24 अगस्त 2026 को सावन का आखिरी सोमवार मनाया जाएगा. इस दिन भगवान शिव की पूजा-अर्चना के साथ भक्त अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार महादेव को फल, मिठाई और सात्विक भोजन का भोग लगा सकते हैं. व्रत रखने वाले लोग फलाहार की चीजों से भोग की थाली तैयार कर सकते हैं.
साबूदाना खिचड़ी से लगाएं महादेव को भोग
व्रत के दौरान साबूदाना खिचड़ी सबसे ज्यादा पसंद किए जाने वाले फलाहारी व्यंजनों में शामिल है. सावन के आखिरी सोमवार पर इसे भगवान शिव के भोग के लिए भी तैयार किया जा सकता है. साबूदाना खिचड़ी बनाने के लिए साबूदाना, मूंगफली, जीरा, सेंधा नमक और हरी मिर्च का इस्तेमाल किया जाता है. भोग के लिए खिचड़ी बनाते समय बहुत ज्यादा मसाले या तड़के का इस्तेमाल करने से बचें. इसे सात्विक तरीके से बनाकर भगवान शिव को अर्पित किया जा सकता है.
उबले आलू की हल्की सब्जी भी है अच्छा विकल्प
अगर आप भोग की थाली में कुछ नमकीन और हल्का शामिल करना चाहते हैं तो उबले हुए आलू की सात्विक सब्जी बनाई जा सकती है. इसमें प्याज और लहसुन का इस्तेमाल किए बिना जीरा, हरी मिर्च और सेंधा नमक डाला जा सकता है. स्वाद बढ़ाने के लिए थोड़ा नींबू का रस या हरा धनिया भी मिलाया जा सकता है.
मौसमी फल और पंचामृत जरूर रखें
भगवान शिव की पूजा में फल और पंचामृत का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है. सावन के आखिरी सोमवार की भोग की थाली में मौसम के अनुसार ताजे फल रखे जा सकते हैं. इसके साथ पंचामृत भी तैयार किया जा सकता है. पंचामृत आमतौर पर दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से बनाया जाता है. इसे पूजा के दौरान भगवान को अर्पित किया जाता है.
व्रत में दही खाते हैं तो बनाएं रायता
जिन लोगों के व्रत में दही का सेवन किया जाता है, वे भोग की थाली में हल्का रायता भी शामिल कर सकते हैं. इसे दही, सेंधा नमक और जीरे की मदद से तैयार किया जा सकता है. स्वाद और ताजगी के लिए इसमें खीरा या उबला हुआ आलू भी मिलाया जा सकता है. रायता बनाते समय यह जरूर ध्यान रखें कि इसमें ऐसी कोई सामग्री न डाली जाए जिसे आपके घर में व्रत के दौरान खाने की अनुमति नहीं है.
फलाहारी मिठाई से पूरा करें भोग
सावन सोमवार के व्रत में भगवान शिव को मिठाई का भोग भी लगाया जा सकता है. अगर आप फलाहारी मिठाई बनाना चाहते हैं तो सिंघाड़े के आटे, मखाने, सूखे मेवों या व्रत में मान्य सामग्री से मिठाई तैयार कर सकते हैं. घर पर बनी मिठाई को भोग की थाली में शामिल करना एक अच्छा विकल्प हो सकता है.
भोग की थाली को साफ-सुथरे तरीके से सजाएं
भगवान शिव को भोग लगाने से पहले पूजा की थाली और सभी बर्तनों को अच्छी तरह साफ कर लें. इसके बाद साबूदाना खिचड़ी, आलू की सब्जी, रायता, फल और मिठाई को अलग-अलग कटोरियों में रखें. साथ में पंचामृत भी रखें. थाली को ज्यादा भरने के बजाय साफ और व्यवस्थित तरीके से सजाना बेहतर है. भोग लगाने से पहले दीपक जलाएं और भगवान शिव का ध्यान करके अपनी श्रद्धा के अनुसार पूजा करें.