West Bengal polling booth check 2026: वो दिन आ गया जब पश्चिम बंगाल के लोग अपना मत अधिकार का इस्तेमाल कर पश्चिम बंगाल में नई सरकार खड़ी करेंगे. बता दें कि 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के लिए वोटिंग का पहला चरण कल यानी 23 अप्रैल 2026 को होना है. जो लोग कल वोट डालने जाएंगे उनके मन में अक्सर कई सवाल होते हैं, खासकर उनके मन में जो पहली दफा वोट डालेंगे. उन्हें अपनी वोटर स्लिप कहाँ से मिलेगी? वो EVM का इस्तेमाल करके अपना वोट कैसे डालेंगे? इसके अलावा ये भी एक अहम सवाल है कि मेरा पोलिंग बूथ कहाँ है? आज हम आपको इसी बात का जवाब देने वाले हैं. चलिए इसे एक बार अच्छे से समझ लेते हैं.
NVSP पोर्टल से होगा चुटकियों में काम
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि भारत के चुनाव आयोग ने NVSP पोर्टल के ज़रिए पोलिंग बूथ ढूँढ़ने की प्रक्रिया को बहुत आसान कर दिया है. इस पोर्टल पर, वोटर अपने EPIC नंबर या नाम जैसी अहम जानकारी का इस्तेमाल करके अपने पोलिंग बूथ के बारे में पता लगा सकते हैं वो भी चुटकियों में.
Step By Step समझें पोलिंग बूथ ढूंढने का तरीका
क्या आप अपने पोलिंग बूथ की जगह जानना चाहते हैं? अगर हाँ, तो अपने मोबाइल फ़ोन, लैपटॉप या डेस्कटॉप पर ‘नेशनल वोटर्स सर्विस पोर्टल’ खोलकर शुरुआत करें. इसके बाद, इन स्टेप्स को ध्यान से फॉलो करें.
- सबसे पहले, अपना EPIC नंबर या अपनी निजी जानकारी डालें.
- ‘Search’ बटन पर क्लिक करें.
- ऐसा करने पर आपके पोलिंग बूथ से जुड़ी जानकारी आपकी स्क्रीन पर दिखाई देगी.
- इन स्टेप्स को फ़ॉलो करने पर आपके पोलिंग स्टेशन का नाम, नंबर और जगह जैसी ज़रूरी जानकारी आपको आसानी से मिल जाएगी.
- अपने EPIC नंबर या वोटर की जानकारी का इस्तेमाल करें
- वोटर या तो अपने EPIC नंबर (वोटर ID) का इस्तेमाल करके या अपना नाम, ज़िला और विधानसभा क्षेत्र जैसी जानकारी डालकर सर्च कर सकते हैं.
- EPIC नंबर एक खास ID नंबर होता है जो वोटर ID कार्ड पर छपा होता है.
- जानकारी डालने के बाद, सिस्टम पोलिंग क्षेत्र और विधानसभा क्षेत्र समेत सभी ज़रूरी जानकारी दिखाता है. अपना पोलिंग स्टेशन ढूँढ़ने के दूसरे तरीके
इन तरीको से भी ढूंढ सकते हैं पोलिंग बूथ
- राज्य चुनाव आयोग की ऑफ़िशियल वेबसाइट पर जाएँ.
- वोटिंग से पहले जारी की गई वोटर स्लिप देखें.
- वोटर हेल्पलाइन ऐप्स या सेवाओं का इस्तेमाल करें. मतदान केंद्रों के पास मतदाता सहायता बूथ भी स्थापित किए जाएंगे, जहाँ बूथ-स्तरीय
- अधिकारी (BLOs) चुनाव के दिन मतदाताओं को सही दिशा दिखा सकेंगे.