स्पोर्ट्सस्टार के पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान मांजरेकर ने बताया कि कई बार ऐसा हुआ जब विराट कोहली उनके लिए अचानक नॉर्मल व्यवहार करने लगे. उन्हें लगा कि शायद कोहली ने उनके बारे में की गई किसी टिप्पणी को सुन लिया था. हालांकि, मांजरेकर का मानना है कि यही आलोचना विराट को और अधिक मेहनत करने तथा बड़ी पारियां खेलने के लिए प्रेरित करती है.
आलोचना विराट कोहली के लिए बनती है प्रेरणा
मांजरेकर ने कहा कि विराट कोहली उन खिलाड़ियों में शामिल हैं जो नकारात्मक बातों को अपनी कमजोरी नहीं बनने देते. इसके बजाय वह उसे चुनौती के रूप में लेते हैं और मैदान पर शानदार प्रदर्शन करके जवाब देते हैं. जब भी उनके खेल पर सवाल उठते हैं, विराट अक्सर बड़े शतक लगाकर आलोचकों को शांत कर देते हैं. आईपीएल 2026 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए खेलते हुए विराट ने 11 मैचों में 379 रन बनाए हैं. हालांकि, पिछले दो मुकाबलों में वह खाता नहीं खोल सके, जो टीम के लिए हल्की चिंता का विषय हो सकता है.
कप्तानी में विराट की ऊर्जा से बदल गई टीम
संजय मांजरेकर ने विराट कोहली की टेस्ट कप्तानी की भी जमकर सराहना की. उन्होंने कहा कि विराट की सबसे बड़ी खासियत यह थी कि जब मैच में कुछ खास नहीं हो रहा होता था, तब भी वह खिलाड़ियों का उत्साह बनाए रखते थे और पूरी टीम में ऊर्जा भर देते थे. मांजरेकर के अनुसार, विराट कोहली की कप्तानी में हर खिलाड़ी को उसी जोश और आक्रामक सोच के साथ खेलना पड़ता था. जो खिलाड़ी मैदान पर सुस्त नजर आता था, उसके लिए टीम में जगह बनाए रखना मुश्किल हो जाता था.