भारत और श्रीलंका के बीच 15 से 27 अगस्त तक खेले जाने वाली दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले टीम इंडिया को बड़ा झटका लग सकता है. तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर नितीश कुमार रेड्डी का इस दौरे के लिए चयन होना मुश्किल माना जा रहा है. वह जांघ (क्वाड्रिसेप्स) की चोट से उबर रहे हैं और फिलहाल बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैब कर रहे हैं. हालांकि उन्होंने दोबारा गेंदबाजी शुरू कर दी है, लेकिन रिपोर्ट के मुताबिक चयनकर्ता उनकी वापसी में जल्दबाजी नहीं करना चाहते. श्रीलंका दौरे के लिए भारतीय टीम का चयन 28 जुलाई को होने वाली बैठक में किया जाएगा.
22 वर्षीय नितीश कुमार रेड्डी पिछले कुछ महीनों में भारत के सबसे भरोसेमंद युवा तेज गेंदबाजी ऑलराउंडरों में शामिल हुए हैं. उन्होंने अपनी गेंदबाजी की रफ्तार बढ़ाई है और हार्दिक पांड्या के विकल्प के रूप में भी खुद को साबित किया है. लेकिन लगातार चोटों ने उनके करियर की रफ्तार पर असर डाला है. दूसरी ओर शिवम दुबे अभी तक इस भूमिका में पूरी तरह सफल नहीं रहे हैं, जबकि युवा खिलाड़ी सूर्यांश शेडगे को अभी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिए अनुभव हासिल करना बाकी है.
स्पिन गेंदबाजों को मिलेगा फायदा
श्रीलंका की पिचों पर स्पिन गेंदबाजों को अधिक मदद मिलने की संभावना है. इसी वजह से बीसीसीआई नितीश कुमार रेड्डी को पूरी तरह फिट होने के लिए अतिरिक्त समय देना चाहता है. भारतीय टीम के पास स्पिन ऑलराउंडर के रूप में मानव सुथार और हर्ष दुबे जैसे विकल्प मौजूद हैं, जिन्हें हाल ही में टीम के साथ जोड़ा गया है. ऐसे में चयनकर्ता तेजी से वापसी कराने का जोखिम नहीं उठाना चाहते.
बुमराह और वॉशिंगटन सुंदर की फिटनेस पर नजर
इस चयन बैठक में जसप्रीत बुमराह की फिटनेस पर भी बड़ा फैसला लिया जाएगा. वहीं वॉशिंगटन सुंदर भी घुटने की चोट के कारण सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैब कर रहे हैं. यदि वह समय पर फिट नहीं हो पाते हैं तो भारतीय टीम में एक अतिरिक्त ऑफ स्पिनर को शामिल किया जा सकता है. इसके अलावा अफगानिस्तान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करने वाले मोहम्मद सिराज के टीम में बने रहने की उम्मीद है. वहीं रणजी ट्रॉफी के पिछले सीजन में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले औकिब नबी को पहली बार टेस्ट टीम में मौका मिल सकता है.