Live TV
Search
Home > राज्य > बिहार > Jamshedpur: बम पर ‘रील’! बच्चे बैठे मौत के मुंह में, लोग पास खड़े ले रहे हैं सेल्फी, जरा सी चूक और सब खत्म

Jamshedpur: बम पर ‘रील’! बच्चे बैठे मौत के मुंह में, लोग पास खड़े ले रहे हैं सेल्फी, जरा सी चूक और सब खत्म

Jamshedpur: जमशेदपुर के बहरागोड़ा में फिर मिला एक संदिग्ध बम. इलाके में दहशत का महौल लेकिन हैरान करने वाली तस्वीरें बम के ऊपर बैठे बच्चे, लोग ले रहे सेल्फी, लेकिन क्या हादसे का इंतजार हो रहा है?

Written By: Vipul Tiwary
Last Updated: April 17, 2026 11:46:23 IST

Mobile Ads 1x1

Jamshedpur: झारखंड के जमशेदपुर में स्वर्णरेखा नदी एक बार फिर ‘खतरे की धारा’ बन गई है. बहरागोड़ा के बरागाड़िया पंचायत अंतर्गत पानीपाड़ा गांव में बुधवार रात द्वितीय विश्व युद्ध का संदिग्ध मिसाइल बम मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया.

कुछ दिन पहले भी मिला था जिंदा बम

स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुछ दिन पहले भी इसी नदी से एक जिंदा बम मिला था, जिसे इंडियन आर्मी की बम निरोधक टीम ने डिफ्यूज किया था. उस दौरान एक और बम भी मिला था, जिसे गड्ढे में रखकर विस्फोट के जरिए नष्ट किया गया था.

विशेषज्ञों ने तब ही आशंका जताई थी कि इस इलाके में और भी पुराने बम हो सकते हैं और अब एक बार फिर उसी जगह से अमेरिका निर्मित संदिग्ध बम मिलने की खबर ने डर को और गहरा कर दिया है. लेकिन सबसे चौंकाने वाली तस्वीरें वही हैं, जो कैमरे में कैद हुई हैं. जहां एक तरफ प्रशासन अलर्ट की बात कर रहा है… वहीं दूसरी तरफ गांव के बच्चे उसी संदिग्ध बम के ऊपर बैठकर रील बना रहे हैं, लोग सेल्फी ले रहे हैं.

ये सिर्फ लापरवाही नहीं, मौत को न्योता देने जैसा

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. इलाके को घेरते हुए लोगों को नदी किनारे जाने से मना किया गया है. ग्रामीणों ने रक्षा मंत्री संजय सेठ को ट्वीट कर जानकारी दी, जिसके बाद बम निरोधक दस्ता भेजने की बात गई है. हालांकि खबर लिखे जाने तक कोई टीम मौके पर नहीं पहुंची थी.

आसपास के इलाके में पाबंदी

फिलहाल पुलिस मौके पर तैनात है और आसपास के इलाके में पाबंदी लगाई जा रही है. रांची से बम स्क्वॉड और आर्मी टीम के पहुंचने के बाद ही बम को निष्क्रिय किया जाएगा. लगातार मिल रहे इन बमों ने अब बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है. क्या स्वर्णरेखा नदी के किनारे छिपा है ‘मौत का जखीरा’? और अगर हां… तो कब शुरू होगा बड़ा सर्च ऑपरेशन?

फिलहाल… गांव में डर भी है… और लापरवाही भी…

कहीं ये लापरवाही किसी बड़े हादसे में न बदल जाए… यही डर अब हर किसी के मन में है.

मनीष मेहता, रांची 

MORE NEWS

Home > राज्य > बिहार > Jamshedpur: बम पर ‘रील’! बच्चे बैठे मौत के मुंह में, लोग पास खड़े ले रहे हैं सेल्फी, जरा सी चूक और सब खत्म

Written By: Vipul Tiwary
Last Updated: April 17, 2026 11:46:23 IST

Mobile Ads 1x1

Jamshedpur: झारखंड के जमशेदपुर में स्वर्णरेखा नदी एक बार फिर ‘खतरे की धारा’ बन गई है. बहरागोड़ा के बरागाड़िया पंचायत अंतर्गत पानीपाड़ा गांव में बुधवार रात द्वितीय विश्व युद्ध का संदिग्ध मिसाइल बम मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया.

कुछ दिन पहले भी मिला था जिंदा बम

स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुछ दिन पहले भी इसी नदी से एक जिंदा बम मिला था, जिसे इंडियन आर्मी की बम निरोधक टीम ने डिफ्यूज किया था. उस दौरान एक और बम भी मिला था, जिसे गड्ढे में रखकर विस्फोट के जरिए नष्ट किया गया था.

विशेषज्ञों ने तब ही आशंका जताई थी कि इस इलाके में और भी पुराने बम हो सकते हैं और अब एक बार फिर उसी जगह से अमेरिका निर्मित संदिग्ध बम मिलने की खबर ने डर को और गहरा कर दिया है. लेकिन सबसे चौंकाने वाली तस्वीरें वही हैं, जो कैमरे में कैद हुई हैं. जहां एक तरफ प्रशासन अलर्ट की बात कर रहा है… वहीं दूसरी तरफ गांव के बच्चे उसी संदिग्ध बम के ऊपर बैठकर रील बना रहे हैं, लोग सेल्फी ले रहे हैं.

ये सिर्फ लापरवाही नहीं, मौत को न्योता देने जैसा

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. इलाके को घेरते हुए लोगों को नदी किनारे जाने से मना किया गया है. ग्रामीणों ने रक्षा मंत्री संजय सेठ को ट्वीट कर जानकारी दी, जिसके बाद बम निरोधक दस्ता भेजने की बात गई है. हालांकि खबर लिखे जाने तक कोई टीम मौके पर नहीं पहुंची थी.

आसपास के इलाके में पाबंदी

फिलहाल पुलिस मौके पर तैनात है और आसपास के इलाके में पाबंदी लगाई जा रही है. रांची से बम स्क्वॉड और आर्मी टीम के पहुंचने के बाद ही बम को निष्क्रिय किया जाएगा. लगातार मिल रहे इन बमों ने अब बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है. क्या स्वर्णरेखा नदी के किनारे छिपा है ‘मौत का जखीरा’? और अगर हां… तो कब शुरू होगा बड़ा सर्च ऑपरेशन?

फिलहाल… गांव में डर भी है… और लापरवाही भी…

कहीं ये लापरवाही किसी बड़े हादसे में न बदल जाए… यही डर अब हर किसी के मन में है.

मनीष मेहता, रांची 

MORE NEWS