UP Crime: पूर्व ग्राम प्रधान के बेटे की हत्या की गुत्थी सुलझ गई है. उसकी पत्नी ने अपने मुस्लिम प्रेमी के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी. पुलिस ने आरोपी पत्नी और उसके प्रेमी समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर उनसे पूरा सच उगलवाया. युवक की हत्या शराब के नशे में की गई थी.
लालगंज के बाजार खास वार्ड के 35 साल के उमाशंकर कौशल उर्फ गुड्डू की बुधवार रात हत्या कर दी गई थी. उसका शव शीतलमऊ के पास एक खेत में मिला. युवक के भाई दीपू ने अपनी भाभी यानी मृतक की पत्नी सुमन और उसके प्रेमी शहंशाह पर शक जताते हुए केस दर्ज कराया. घटनास्थल का दौरा करने के बाद एसपी दीपक भूकर ने लालगंज पुलिस और स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) को गुत्थी सुलझाने के लिए लगाया.
ऐसे सुलझी गुत्थी
ASP वेस्ट बृजनंदन राय और CO लालगंज राजीव द्विवेदी केस की मॉनिटरिंग कर रहे थे. मृतक की पत्नी के पास मिले और प्रेमी के दिए मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स की जांच करने पर दोनों के बीच लिंक मिला. पुलिस ने सुमन और उसके प्रेमी धारूपुर निवासी शहंशाह को गिरफ्तार किया. पूछताछ में दोनों ने गुनाह कबूल कर लिया.
यह है पूरी कहानी
ASP ईस्ट आलोक कुमार ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि उमा शंकर की पत्नी के शहंशाह के साथ नाजायज़ रिश्ते थे. जब उसने इसका विरोध किया तो उसकी हत्या की योजना बनाई गई. शहंशाह ने उमा शंकर को शराब पिलाने के बहाने बुलाया. धारूपुर निवासी विशाल शुक्ला उर्फ बिट्टू और अविनाश तिवारी उर्फ रजत भी मौजूद थे, जबकि उसकी पत्नी सुमन घर से फोन पर संपर्क में थी.
इन लोगों ने उसे ज़बरदस्ती बहुत ज़्यादा शराब पिलाई. जब उसे नशा हो गया तो उन्होंने ईंट-पत्थरों से पीट-पीटकर उसकी हत्या कर दी. फिर उन्होंने लाश को कीचड़ में घसीटा. विशाल शुक्ला ने मृतक का मोबाइल फोन उठाया, जो घटना के दौरान गिर गया था, और अविनाश तिवारी ने उसका आधार कार्ड ले लिया.
उनकी जानकारी पर घटना के समय सुमन के पहने हुए तीन कपड़े बरामद हुए, जो खून से सने हुए थे. इंस्पेक्टर-इन-चार्ज आलोक कुमार और SOG इन-चार्ज अमित चौरसिया ने अपनी टीम के साथ आरोपी को कालाकांकर रोड के पास नहर पटरी पर पकड़ लिया.