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Home > IK News > जम्मू राइजिंग समिट में ज़ीनत कुरैशी ने GCC बाजार से जुड़ने का सुझाव दिया

जम्मू राइजिंग समिट में ज़ीनत कुरैशी ने GCC बाजार से जुड़ने का सुझाव दिया

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Last Updated: September 29, 2026 18:37:23 IST

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विशेष मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं; ‘डुग्गर दा सम्मान’ समारोह में प्रतिभाओं को प्रदान किए पुरस्कार
जम्मू (जम्मू और कश्मीर),28 सितंबर: जम्मू-कश्मीर के स्थानीय व्यवसायों को खाड़ी देशों के खरीदारों और उपयुक्त फंडिंग साझेदारों से जोड़ने पर जम्मू राइजिंग समिट 1.0 में चर्चा हुई। 23 सितंबर 2026 को ताज विवांता, जम्मू में आयोजित इस समिट में एशियन अरब काउंसिल की जीसीसी ट्रेड कमिश्नर और उद्यमी ज़ीनत कुरैशी विशेष मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं।
अपने संबोधन में कुरैशी ने व्यापार, पर्यटन और ग्रोथ फंडिंग को जम्मू-कश्मीर के उद्यमों के लिए तीन महत्वपूर्ण क्षेत्र बताया। उन्होंने सुझाव दिया कि समिट के बाद दस तैयार स्थानीय व्यवसायों से शुरुआत की जाए। उनकी जरूरतें समझकर उन्हें संबंधित GCC खरीदारों या उपयुक्त फंडिंग साझेदारों से जोड़ने का प्रयास हो और प्रत्येक बैठक के बाद फॉलो-अप की जिम्मेदारी तय की जाए।

फंडिंग की जरूरत पर बात करते हुए उन्होंने उन कारोबारों का उदाहरण दिया जिनके पास उत्पाद और मांग है, लेकिन मशीनरी, कोल्ड स्टोरेज या उत्पादन बढ़ाने के लिए पूंजी कम पड़ती है। उनके अनुसार ऐसे व्यवसायों के लिए निवेशकों, फंडिंग साझेदारों और संयुक्त उद्यमों के विकल्प तलाशे जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि फंडिंग संबंधी बातचीत के लिए उद्यमी यह स्पष्ट करें कि उन्हें कितनी पूंजी चाहिए और उसके इस्तेमाल से उनका कारोबार क्या हासिल करेगा। दस्तावेज, यथार्थवादी आंकड़े और योजना को लागू करने की तैयारी आवश्यक हैं; प्रत्येक प्रस्ताव का आकलन उसकी व्यवहार्यता और समुचित जांच के आधार पर होगा।

जम्मू राइजिंग समिट में ज़ीनत कुरैशी ने GCC बाजार से जुड़ने का सुझाव दिया

व्यापार के संदर्भ में कुरैशी ने जम्मू-कश्मीर के केसर, सूखे मेवों, शॉल और हस्तशिल्प को खाड़ी बाजारों तक पहुंचाने के लिए पैकेजिंग, मूल्य निर्धारण, गुणवत्ता और नियमित आपूर्ति पर जोर दिया। पर्यटन के लिए उन्होंने स्थानीय होटल और टूर ऑपरेटरों को GCC ट्रैवल पार्टनरों से जोड़ने की संभावना रखी। महिला उद्यमियों और युवा संस्थापकों को इन कारोबारी तथा फंडिंग चर्चाओं में शामिल करने की जरूरत भी बताई।
GHRT International द्वारा आयोजित समिट में स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा, कारोबार और एमएसएमई क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग पर भी विचार-विमर्श हुआ। आयोजन के अंतर्गत हुए ‘डुग्गर दा सम्मान’ समारोह में कुरैशी ने क्षेत्रीय प्रतिभाओं को पुरस्कार प्रदान किए। कार्यक्रम में गुलाम अली सहित विभिन्न क्षेत्रों के अतिथि मौजूद रहे।
आयोजक एवं GHRT International के चेयरमैन डॉ. एच. आर. रहमान ने समिट के माध्यम से कारोबार, तकनीक और अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर संवाद को स्थानीय प्रतिभाओं के सम्मान के साथ जोड़ा। कुरैशी ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि इसकी सफलता तब दिखेगी जब किसी उद्यमी को नया खरीदार, किसी कारीगर को अगला ऑर्डर और किसी स्थानीय व्यवसाय के विस्तार से नया रोजगार मिलेगा।
Disclaimer: समिट में हुई चर्चा और प्रस्तावित कारोबारी संपर्क किसी भी प्रकार की फंडिंग, निवेश, संयुक्त उद्यम, निर्यात ऑर्डर या व्यावसायिक साझेदारी की पेशकश, गारंटी या सिफारिश नहीं हैं। किसी भी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने से पहले व्यवसायों को संबंधित पक्षों, शर्तों, लाइसेंस, शुल्क, आवश्यक दस्तावेजों और कानूनी दायित्वों की स्वतंत्र रूप से जांच कर लेनी चाहिए।

(The article has been published through a syndicated feed. Except for the headline, the content has been published verbatim. Liability lies with original publisher.)

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विशेष मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं; ‘डुग्गर दा सम्मान’ समारोह में प्रतिभाओं को प्रदान किए पुरस्कार
जम्मू (जम्मू और कश्मीर),28 सितंबर: जम्मू-कश्मीर के स्थानीय व्यवसायों को खाड़ी देशों के खरीदारों और उपयुक्त फंडिंग साझेदारों से जोड़ने पर जम्मू राइजिंग समिट 1.0 में चर्चा हुई। 23 सितंबर 2026 को ताज विवांता, जम्मू में आयोजित इस समिट में एशियन अरब काउंसिल की जीसीसी ट्रेड कमिश्नर और उद्यमी ज़ीनत कुरैशी विशेष मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं।
अपने संबोधन में कुरैशी ने व्यापार, पर्यटन और ग्रोथ फंडिंग को जम्मू-कश्मीर के उद्यमों के लिए तीन महत्वपूर्ण क्षेत्र बताया। उन्होंने सुझाव दिया कि समिट के बाद दस तैयार स्थानीय व्यवसायों से शुरुआत की जाए। उनकी जरूरतें समझकर उन्हें संबंधित GCC खरीदारों या उपयुक्त फंडिंग साझेदारों से जोड़ने का प्रयास हो और प्रत्येक बैठक के बाद फॉलो-अप की जिम्मेदारी तय की जाए।

फंडिंग की जरूरत पर बात करते हुए उन्होंने उन कारोबारों का उदाहरण दिया जिनके पास उत्पाद और मांग है, लेकिन मशीनरी, कोल्ड स्टोरेज या उत्पादन बढ़ाने के लिए पूंजी कम पड़ती है। उनके अनुसार ऐसे व्यवसायों के लिए निवेशकों, फंडिंग साझेदारों और संयुक्त उद्यमों के विकल्प तलाशे जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि फंडिंग संबंधी बातचीत के लिए उद्यमी यह स्पष्ट करें कि उन्हें कितनी पूंजी चाहिए और उसके इस्तेमाल से उनका कारोबार क्या हासिल करेगा। दस्तावेज, यथार्थवादी आंकड़े और योजना को लागू करने की तैयारी आवश्यक हैं; प्रत्येक प्रस्ताव का आकलन उसकी व्यवहार्यता और समुचित जांच के आधार पर होगा।

जम्मू राइजिंग समिट में ज़ीनत कुरैशी ने GCC बाजार से जुड़ने का सुझाव दिया

व्यापार के संदर्भ में कुरैशी ने जम्मू-कश्मीर के केसर, सूखे मेवों, शॉल और हस्तशिल्प को खाड़ी बाजारों तक पहुंचाने के लिए पैकेजिंग, मूल्य निर्धारण, गुणवत्ता और नियमित आपूर्ति पर जोर दिया। पर्यटन के लिए उन्होंने स्थानीय होटल और टूर ऑपरेटरों को GCC ट्रैवल पार्टनरों से जोड़ने की संभावना रखी। महिला उद्यमियों और युवा संस्थापकों को इन कारोबारी तथा फंडिंग चर्चाओं में शामिल करने की जरूरत भी बताई।
GHRT International द्वारा आयोजित समिट में स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा, कारोबार और एमएसएमई क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग पर भी विचार-विमर्श हुआ। आयोजन के अंतर्गत हुए ‘डुग्गर दा सम्मान’ समारोह में कुरैशी ने क्षेत्रीय प्रतिभाओं को पुरस्कार प्रदान किए। कार्यक्रम में गुलाम अली सहित विभिन्न क्षेत्रों के अतिथि मौजूद रहे।
आयोजक एवं GHRT International के चेयरमैन डॉ. एच. आर. रहमान ने समिट के माध्यम से कारोबार, तकनीक और अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर संवाद को स्थानीय प्रतिभाओं के सम्मान के साथ जोड़ा। कुरैशी ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि इसकी सफलता तब दिखेगी जब किसी उद्यमी को नया खरीदार, किसी कारीगर को अगला ऑर्डर और किसी स्थानीय व्यवसाय के विस्तार से नया रोजगार मिलेगा।
Disclaimer: समिट में हुई चर्चा और प्रस्तावित कारोबारी संपर्क किसी भी प्रकार की फंडिंग, निवेश, संयुक्त उद्यम, निर्यात ऑर्डर या व्यावसायिक साझेदारी की पेशकश, गारंटी या सिफारिश नहीं हैं। किसी भी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने से पहले व्यवसायों को संबंधित पक्षों, शर्तों, लाइसेंस, शुल्क, आवश्यक दस्तावेजों और कानूनी दायित्वों की स्वतंत्र रूप से जांच कर लेनी चाहिए।

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