Intercourse Timing For Orgasm: पति-पत्नी या प्रेमी-प्रेमिका का निजी पल जीवन का सबसे खूबसूरत एहसास होता है. यही वो वक्त होता है जब रोमांस गहराई तक पहुंचता है. किसी भी कीमत में ऑर्गेज्म पाने की इच्छा होती है. लेकिन, कई बार पार्टनर की शिकायत होती है कि उसे चरम सुख नहीं मिल पाता है. ऐसे में निराश नहीं, सावधान रहने की जरूरत है. दरअसल, सेक्स के दौरान चरम सुख न मिलना आम बात है. लगभग ऐसी एक तिहाई महिलाएं होंगी जिनको चरम सुख नहीं मिल पाता है. वहीं, जिनको ऑर्गेज्म होता है, उन्हें भी कई बार ऐसे दौर से गुजरना पड़ता है जब ऑर्गेज्म कम बार होता है या बिल्कुल नहीं होता है. ऐसे ज्यादा तर लोगों को सवाल है कि आखिर, ऑर्गेज्म (Orgasm) प्राप्त करने के लिए क्या करें? अगर आप अपनी पार्टनर को सेक्स का चरम सुख देना चाहते हैं तो फिर कुछ जरूरी सेक्स टिप्स (Sexual Wellness Tips) को फॉलो करना होगा. आइए जानते हैं इससे जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां-
ऑर्गेज्म के मामले में भारतीय पुरुष एकदम फिसड्डी हैं. सर्वे का आंकड़ा कहता है कि, 70 फीसदी भारतीय महिलाएं ऑर्गेज्म का असली मजा नहीं ले पाती हैं. इसका मतलब निराशा नहीं होना चाहिए. एक बार खुद ही सोचिए, अगर आप अपनी पार्टनर को शॉपिंग में सबकुछ दिला सकते हैं तो फिर इस मामले में पीछे क्यों हैं? हालांकि, इसको लेकर केवल पुरुषों को दोष देना सही नहीं होगा. कई लोगों को सेक्स के बारे में सही जानकारी नहीं है तो भला ऑर्गेज्म जैसी बात को कैसे समझ पाएंगे.
ऑर्गेज्म का मतलब क्या है?
महिला-पुरुष के बीच होने वाले संभोग का चरम सुख ही अंग्रेजी में ऑर्गेज्म कहलाता है. यहां गौर करने वाली बात यह है कि, सेक्स का चरम सुख वियाग्रा जैसी दवाई खाने से नहीं मिलेगा. इसके अलावा कुछ लोगों को लगता है कि लिंग को लंबा या मोटा करने से भी ये हो जाता है. असल में ऐसा कुछ भी नहीं होता है और न ही ऐसा सोचें. असल में पहले अपनी दिक्कत को समझें और तब समाधान पर बात करें.
इंटरकोर्स की टाइमिंग कितनी होनी चाहिए?
कई लोग जानकारी के अभाव में अपनी सेक्स लाइफ खराब कर लेते हैं. यही वजह है कि, कई लोग चरम सुख को पाना तो दूर समझते तक नहीं है. अगर आप जल्द ही स्खलित हो जाते हैं तो कभी भी अपनी पत्नी को चरम सुख नहीं दे सकते हैं. एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय पुरुष 3-4 मिनट में ही डिसचार्ज हो जाते हैं. जबकि मेडिकल रिपोर्ट कहती है कि कम से कम 8-10 मिनट की सेक्स टाइमिंग (Sex Timing) ऑर्गेज्म की प्राप्ति के लिए होनी चाहिए. अगर किसी को कोई परेशानी है तो डॉक्टर की सलाह जरूरी है.
चरम सुख पाना क्यों है जरूरी?
yarlap.com की रिपोर्ट के मुताबिक, किसी भी महिला-पुरुष के बीच जब भी मर्जी से संबंध बनते हैं, तो उसका सीधा मतलब चरम सुख पाना ही होता है. अगर किसी कारणवस आपकी सेक्स प्रक्रिया चरम सुख तक नहीं पहुंचती है तो इसे करने का कोई मतलब भी नहीं है. आपको बता दें कि, ऑर्गेज्म प्राप्त करना इतना आसान नहीं क्योंकि इसके लिए हेल्दी सेक्स लाइफ की आदतों को अपनाना होगा. इस मामले में अधिकतर भारतीय पुरुष फेल हो जाते हैं. इसी वजह से उनकी सेक्स लाइफ (Sex Life) में वो मजा नहीं मिल पाता जिसकी वह चाहत करते हैं. अगर आप सच में अपने पार्टनर को यह सुख देना चाहते हैं तो कुछ बातों का ख्याल रखना होगा.
सेक्शुअल परफॉर्मेंस बेहतर करने के तरीके
- bermansexualhealth.com की रिपोर्ट के मुताबिक, सेक्स लाइफ में बेहतर प्रदर्शन करने वालों को कभी भी इस तरह की दिक्कत नहीं होती है. असल में सेक्शुअल परफॉर्मेंस सही हो तो ऑर्गेज्म ही ऑर्ग्रेज्म है. अगर नहीं है तो जीवन नरक है. सबसे पहले अपनी सेक्शुअल रिपोर्ट देख लें.
- पुरुषों का लिंग पूरी तरह टाइट न हो तो भी सेक्स का मजा नहीं आ पाता है. इसलिए यह चेक कर लें कि लिंग में पूरा खिंचाव या तनाव आ रहा है या नहीं. कई लोग इस बात पर ध्यान नहीं देते और नंपुसकता का शिकार हो जाते हैं.
- पार्टनर की यौन इच्छा की कमी को पहचानना भी बेहद जरूरी है. दरअसल, लड़कियां यौन इच्छा की कमी के कारण सेक्स का मजा नहीं ले पाती हैं. इसलिए आपको इस बात पर भी गौर करने की जरूरत है. तब जाकर आप उनको ऑर्गेज्म का आनंद दे सकेंगे.
- इंटरकोर्स करने से पहले किया जाने वाला काम फोरप्ले है. किस करना, अंगों को टच करना और दबाना आदि फोर प्ले का हिस्सा होता है. कई पुरुष फोर प्ले के लिए समय नहीं देते जिसकी वजह से भी उनकी पार्टनर ऑर्गेज्म का सुख भोग नहीं पाती हैं. इसलिए फोरप्ले के लिए पर्याप्त समय दें.