muzzafarpur news: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां मुसहरी थाना क्षेत्र के नरौली स्थित बाल आश्रय गृह से देर रात करीब 10 बच्चे संदिग्ध परिस्थितयों में फरार हो गए हैं. इस घटना के बाद प्रशासनिक विभाग में हड़कंप मच गया है.
निरीक्षण के दौरान हुआ खुलासा
जानकारी के अनुसार, मुजफ्फरपुर के अनुमंडल पदाधिकारी (पूर्वी) तुषार कुमार ने नरौली स्थित इस बाल आश्रय गृह का निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान यह बात सामने आई कि बड़ी संख्या में बच्चे वहां से गायब हैं. बताया जा रहा है कि देर रात सुरक्षा व्यवस्था को गच्चा खिलाते हुए करीब 10 बच्चे आश्रय गृह की दीवार लांघने में सफल रहे. इन बच्चों का अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है.
उच्च अधिकारियों ने किया घटना का निरीक्षण
इस घटना की सूचना मिलते ही उच्च अधिकारी मौके पर पहुंचे जिसमें SDO तुषार कुमार ने स्थिति का जायजा लिया और हालात की गंभीरता समझते हुए बच्चों को जल्द से जल्द खोजने के निर्देश दिये. उन्होंने घटना को लापरवाही और बच्चों के प्रति असंंवेदनशील होने की बात कही.
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसडीओ पूर्वीं के साथ-साथ मुसहरी थाना पुलिस मौके पर कैंप कर रही है. आश्रय गृह में मौजूद अन्य बच्चों और सुरक्षा कर्मियों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सकें बच्चे किस समय और कैसे फरार हुए.
आश्रय अधीक्षक ने एफआईआर दर्ज करवाई
इसी बीच आश्रय गृह अधीक्षक द्वारा स्थानीय मुसहरी क्षेत्र में लिखित शिकायत दर्ज करवाई है ताकि बच्चों को खोजने में प्रशासन पूरी तत्परता दिखाएं. एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि बच्चों के गायब होने की सूचना मिली है, जिस पर संज्ञान लेते हुए कार्रवाई के आदेश दे दिए है.
सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल
नरौली स्थित इस बाल आश्रय गृह से एक साथ 10 बच्चों के गायब होना सुरक्षा की दृष्टि से बड़ी चूक बताया जा रहा है. स्थानिय लोगो मे भी इस घटना को लेकर काफी आक्रोश और चिंता व्याप्त है. प्रशासन इस बात को लेकर असमंजस की स्थिति में है कि इस घटना के पीछे किसी बाहरी गिरोह का हाथ है या फिर अंदरूनी साजिश.
सीसीटीवी फुटेज खंगालने की कवायद शुरू
प्रशासन ने सीसीटीवी फुटेज को खंगालने की ओर कदम उठाने शूरू कर दिये है ताकि स्थिति को समझने में मदद मिल सकें. अभी तक किसी ने भी इस घटना की जिम्मेवारी नहीं ली है. मुसहरी पुलिस के द्वारा जगह-जगह बच्चों को खोजने का काम शुरू कर दिया है.