सूरत (गुजरात) [भारत],27 जुलाई: भारत के बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं एवं बीमा (BFSI) क्षेत्र में तेज़ी से हो रहे विस्तार के साथ प्रशिक्षित और उद्योग-तैयार पेशेवरों की मांग निरंतर बढ़ रही है। इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक यूनिवर्सिटी, सूरत के फैकल्टी ऑफ मैनेजमेंट द्वारा एक वर्षीय पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन फाइनेंशियल एंड बैंकिंग सर्विसेज (PGDFBS) संचालित किया जा रहा है।
यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान ही नहीं, बल्कि उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप व्यावहारिक कौशल और पेशेवर दक्षता भी प्रदान करता है। पाठ्यक्रम में कक्षा शिक्षण के साथ ऑन-द-जॉब ट्रेनिंग (OJT) तथा इंटर्नशिप को शामिल किया गया है, जिससे विद्यार्थियों को बैंकिंग संचालन, ग्राहक सेवा, वित्तीय उत्पादों और वास्तविक कार्यस्थल का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होता है।
उद्योग विशेषज्ञों के साथ निरंतर संवाद तथा समय-समय पर पाठ्यक्रम में किए जाने वाले अद्यतन विद्यार्थियों को बैंकिंग, वित्त, बीमा और फिनटेक क्षेत्र की नवीनतम प्रवृत्तियों से परिचित कराते हैं।
इस कार्यक्रम के विद्यार्थियों को Bajaj Finance, IDFC FIRST Bank, AU Small Finance Bank, NJ Group, TruHome Finance सहित अनेक प्रतिष्ठित संस्थानों में रोजगार के अवसर प्राप्त हुए हैं। कार्यक्रम का औसत वार्षिक वेतन पैकेज लगभग ₹4 लाख रहा है, जो इसकी उद्योग में स्वीकृति और रोजगारोन्मुखी दृष्टिकोण को दर्शाता है।
डिजिटल बैंकिंग, फिनटेक नवाचार और वित्तीय समावेशन के इस दौर में उद्योग ऐसे पेशेवरों की तलाश में है जो पहले दिन से प्रभावी योगदान दे सकें। PGDFBS कार्यक्रम विद्यार्थियों को आधुनिक ज्ञान, व्यावहारिक कौशल तथा पेशेवर दृष्टिकोण से सशक्त बनाता है। साथ ही, संचार कौशल, विश्लेषणात्मक सोच, समस्या-समाधान क्षमता, टीमवर्क और व्यावसायिक नैतिकता जैसे गुणों के विकास पर भी विशेष बल दिया जाता है।
उद्योग-केंद्रित पाठ्यक्रम, व्यापक व्यावहारिक प्रशिक्षण और उत्कृष्ट प्लेसमेंट रिकॉर्ड के साथ सार्वजनिक यूनिवर्सिटी का एक वर्षीय PGDFBS कार्यक्रम बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं, बीमा एवं संबद्ध क्षेत्रों में सफल करियर बनाने के इच्छुक स्नातकों के लिए एक उत्कृष्ट विकल्प के रूप में उभर रहा है। यह कार्यक्रम शिक्षा और उद्योग के बीच की दूरी को कम करने तथा देश को कुशल, रोजगार-योग्य मानव संसाधन उपलब्ध कराने की विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है।
(The article has been published through a syndicated feed. Except for the headline, the content has been published verbatim. Liability lies with original publisher.)